अवस्थी ने बताया कि यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी कंटेनमेंट जोन में रहता है तो उसे अपने पर्यवेक्षण अधिकारी को सूचना देनी होगी। कंटेनमेंट जोन निरस्त होने तक उसे घर से काम करने की अनुमति होगी और इस अवधि को अवकाश के रूप में नहीं गिना जाएगा। कंटनेमेंट जोन में रहने वाले ड्राइवरों को भी नहीं बुलाया जाएगा। दमा, मधुमेह, हृदयरोग, कैंसर या किडनी रोग वाले मरीजों को फ्रंट लाइन के काम से दूर रखना होगा और उन्हें वर्क फ्राम होम की अनुमति दी जाएगी। सरकारी कार्यालयों में अस्थाई पास जारी करने की रूटीन व्यवस्था निलंबित रहेगी। किसी अधिकारी द्वारा किसी को मुलाकात की अनुमति दी जाती है तो उसे पूरी स्क्रीनिंग के बाद ही प्रवेश दिया जाएगा। परिसर के स्टॉल, दुकान और कैफेटेरिया में सोशल डिस्टेंङ्क्षसग का पालन करना जरूरी होगा। नियमित प्रयोग में आने वाले स्थानों और वस्तुओं को बराबर सैनिटाइज किया जाएगा। लिफ्ट में लोगों सीमित लोगों को ही प्रवेश दिया जाए।
दो से अधिक केस मिलने पर 48 घंटे के लिए बंद किए जाएंगे कार्यालय
दिशा निर्देश में बताया गया है कि यदि किसी कार्य स्थल पर एक या दो व्यक्ति संक्रमित पाए जाते हैं तो पूरा परिसर सील करने की आवश्यकता नहीं होगी बल्कि केवल उतने क्षेत्र को कीटाणु रहित किया जाएगा जितने एरिया में संक्रमित व्यक्ति रहा है। वहीं बड़ी संख्या में केस मिलते हैं तो संबंधित ब्लॉक या भवन को 48 घंटे के लिए बंद किया जाएगा। सैनिटाइजेशन के बाद ही यहां दोबारा काम करने की अनुमति होगी। तब तक वर्क फ्राम होम की अनुमति रहेगी। यदि आवश्यक सेवाओं का कार्यालय है तो कार्यालय को अस्थाई जगह शिफ्ट किया जाएगा।
इन सभी स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरे लगातार संचालित होने चाहिए। प्रवेश द्वारा पर भीड़ न लगने दी जाए। इन स्थानों पर आईटी से संबंधित काम करने वालों को घर से काम करने की अनुमति दी जाए। गाडिय़ों के वैलेट पार्किंग से पहले गाड़ी की स्टेयरिंग, दरवाजों के हैंडिल और चाभी को पूरी तरह से सैनिटाइज कर लिया जाएगा। इन स्थानों पर भुगतान ई पेमेंट के जरिए ही करना होगा। यानी ई वैलेट से और कैशलेस पेमेंट करना होगा। रेस्टोरेंट में वेटर को पूरी तरह से मास्क और ग्लब्ज के साथ रहना होगा। किचन में भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना जरूरी होगा। फूड कोर्ट और रेस्टोरेंट में एक बार में क्षमता के 50 प्रतिश से अधिक व्यक्तियों को बैठने की अनुमति नहीं होगी। डिस्पोजल मैन्यू का प्रयोग करना होगा। कपड़े के नैपकिन के स्थान पर अच्छी क्वालिटी के पेपर नैपकिन का प्रयोग किया जाएगा।
होटल में देना होगा यात्रा का इतिहास और स्वास्थ्य की जानकारी
होटल में ठहरने वाले व्यक्तियों को होटल में रिसेप्शन पर पहचान पत्र देने के साथ यात्रा का इतिहास और मेडिकल कंडीशन के बारे में भी स्व घोषणा पत्र भरना होगा। होटल के कमरों का सैनिटाइजेशन अतिथियों के प्रवेश से पहले किया जाएगा। होटल प्रबंधन को अपने अतिथियों को ऐसे स्थानों पर न जाने के लिए कहना होगा जो कंटेनमेंट जोन पड़ते हों। मॉल होटल और रेस्टोरेंट में गेमिंग जोन और बच्चों के खेलने के स्थान बंद रहेंगे। संदिग्ध केस मिलने पर होगी यह कार्रवाई बीमार व्यक्ति को बिल्कुल रखा जाए, डाक्टरों से जांच कराई जाए, करीब के अस्पताल, क्लीनिक या स्वास्थ्य विभाग के हेल्पलाइन नंबर 18001805145 पर सूचित किया जाए। यदि व्यक्ति कोरोना पाजिटिव पाया जाता है तो पूरी तरह से परिसर को डिस इंफेक्ट किया जाए। नामित स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा मरीज और उसके संपर्क में आने वालों में संक्रमण के जोखिम का मूल्यांकन किया जाएगा और उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।