नशा मुक्त उत्तर प्रदेश संकल्प समारोह में उपस्थित अतिथि
समारोह में राज्यपाल रामनाईक ने कहा कि समाज में मादक पदार्थों का बढ़ रहा सेवन हम सबके लिए घातक है। शांतिकुंज, हरिद्वार द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में नशामुक्ति की शपथ लेने भर से काम नहीं चलेगा, अभियान की सफलता के लिए लगातार प्रयास करने होंगे।
उन्होंने कहा कि प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के सेनानी मंगल पांडे के बलिदान दिवस पर इस कार्यक्रम के आयोजन से इसका महत्व और भी बढ़ गया है। उम्मीद है कि आज से नशा मुक्ति के लिए दूसरा संग्राम शुरू होगा। अगर इस प्रयोग में हम सफल हुए तो यूपी को विकास के पथ पर आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकेगा।
नशा मुक्त उत्तर प्रदेश संकल्प समारोह में उपस्थित अतिथि
अखिल विश्व गायत्री परिवार के प्रमुख डॉ. प्रणव पांड्या ने कहा कि नशे के सेवन के लिहाज से यूपी देश में प्रथम पांच राज्यों में शामिल है। यूपी में हर साल तंबाकू का सेवन करने वालों की संख्या 7 फीसदी बढ़ रही है। इससे होने वाली बीमारियों के इलाज पर हर साल 40 हजार करोड़ रुपये खर्च करना पड़ता है। स्थिति यह है कि प्रदेश में 56 फीसदी लोग तंबाकू का सेवन करते हैं। सबसे ज्यादा बांदा में 87 फीसदी लोग तंबाकू लेते हैं। गायत्री परिवार ने संकल्प लिया है कि प्रदेश के हर जिले के एक गांव को नशामुक्त बनाएंगे। अगले पांच साल में पूरे प्रदेश को ही नशामुक्त करने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रहे हैं।