जान बूझकर दो छात्रों को आंतरिक परीक्षा में कम अंक देकर फेल करने के आरोपी कानपुर के सेठ श्रीनिवास अग्रवाल इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी पर डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय ने 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
यही नहीं तीन साल से अपने रिजल्ट के लिए परेशान हो रहे दोनों छात्रों को कॉलेज द्वारा एक-एक लाख रुपये क्षतिपूर्ति करने का निर्देश भी कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने दिया है।
मालूम हो कि कानपुर के इस इंजीनियरिंग कॉलेज ने बीटेक मैकेनिकल इंजीनियरिंग अंतिम सेमेस्टर के छात्र विनीत प्रजापति और अश्वनी कुमार यादव को साजिशन बहुत ही कम इंटर्नल अंक दिए। इसके चलते वे फेल हो गए।
इस मामले में विनीत ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की। इस पर कोर्ट ने एकेटीयू कुलपति को मामले का निस्तारण करने केनिर्देश दिए। कुलपति प्रो. पाठक ने जब विनीत से उसका पक्ष जाना तो सामने आया कि इन दोनों छात्रों की समाज कल्याण विभाग से आने वाली छात्रवृत्ति को कॉलेज ने संबंधित बैंकप्रबंधक के साथ मिलकर हड़प लिया था।
इस मामले में छात्रों ने आवाज उठाई। इससे कॉलेज प्रबंधन उनसे चिढ़ गया। छात्रों के अनुसार, संस्थान के रजिस्ट्रार विनीत शुक्ला ने पहले ही धमकी दी थी कि प्रैक्टिकल के अंक कॉलेज के हाथ में होते हैं।