सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शनिवार को एक देश एक चुनाव को लेकर देश भर में की जा रही चर्चा पर कहा कि ये प्रयोग सबसे पहले यूपी में किया जाए। इससे भाजपा को पता चल जाएगा कि जनता उन्हें हटाने के लिए कितनी उतावली है।
उन्होंने ट्वीट कर कहा कि हर बड़े काम को करने से पहले एक प्रयोग किया जाता है, इसी बात के आधार पर हम ये सलाह दे रहे हैं कि ‘एक देश-एक चुनाव’ करवाने से पहले भाजपा सरकार, इस बार लोक सभा के साथ-साथ देश के सबसे अधिक लोकसभा व विधानसभा सीटों वाले राज्य उत्तर प्रदेश के लोकसभा-विधानसभा के चुनाव साथ कराके देख ले। इससे एक तरफ़ चुनाव आयोग की क्षमता का भी परिणाम सामने आ जाएगा और जनमत का भी, साथ ही भाजपा को ये भी पता चल जाएगा कि जनता किस तरह भाजपा के खिलाफ आक्रोशित है और उसको सत्ता से हटाने के लिए कितनी उतावली है।
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केंद्र सरकार ने देश में लोकसभा व विधानसभा चुनाव एक साथ कराने के लिए एक समिति का गठन किया है जिसके अध्यक्ष पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद देंगे। समिति के अन्य सदस्यों के नाम जल्द ही सार्वजनिक कर अधिसूचना जारी की जाएगी।
सरकार ने 18 से 22 सितंबर को संसद का विशेष सत्र बुलाया है। कयास लगाए जा रहे हैं क सत्र के दौरान इस विषय पर चर्चा होगी।