सपा अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि देश सबका है, सभी को जान से प्यारा है। न कोई किसी को निकाल सकता है और न कोई किसी को देश से बाहर जाने के लिए कह सकता है। ये ताकत हमें संविधान ने दी है। इसे छीनने की कोशिश ना करे कोई।
अखिलेश यादव से शनिवार को लखनऊ बार एसोसिएशन के नवनिर्वाचित महामंत्री जितेन्द्र सिंह जीतू के नेतृत्व में अधिवक्ताओं के दल ने मुलाकात की।
अखिलेश यादव ने कहा कि भारत के संविधान में जनता के जिन अधिकारियों की गारंटी दी गई है, उनका अनुपालन करना सभी का कर्तव्य है। भाजपा सरकार ने संविधान की जो शपथ ली थी, उसकी लगातार अवहेलना कर रही है।
देश में नफरत और समाज को बांटने की साजिशें हो रही है। देश के साथ धर्मनिरपेक्षता और समाजवाद को बचाने की चुनौती है। समाजवादी पार्टी अधिवक्ताओं की इसमें प्रमुख भूमिका होने की बात मानती है। समाजवादी सरकार में अधिवक्ता कल्याण के कई कदम उठाए गए थे। फिर समाजवादी सरकार बनने पर उनके हितों पर पूरा ध्यान दिया जाएगा।
सपा अध्यक्ष ने मेरठ केएसपी सिटी की भाषा की तरफ इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि यूपी पुलिस द्वारा भाजपा और संघ की भाषा बोला जाना शर्मनाक है। देश सबका है। इसे निकालने के लिए कोई किसी को नहीं कह सकता। ये ताकत हमें संविधान ने दी है।
इसे छीनने की कई कोशिश न करे। अधिवक्ताओं ने कहा कि वे न्याय के लिए समाजवादी पार्टी के साथ रहेगे। वे इस तथ्य से अवगत है कि समाजवादी सरकार में ही उन्हे पर्याप्त सुविधाएं हासिल हुई थी।
अधिवक्ताओं के दल में सेंट्रल बार एसोसिएशन के संयुक्त मंत्री नीरज कुमार यादव, लखनऊ बार एसोसिएशन के एजाज अहमद, मो. आजम खान, फखरूल हसन चांद, अनुराग यादव, शकील अहमद, ताज खान, सुधीर कुमार और विकास यादव शामिल थे।