अखिलेश यादव ने कहा कि जो स्मार्ट मीटर लगे हैं, उनकी गुणवत्ता पर संदेह है। इस संबंध में सीएम तक शिकायतें पहुंची, लेकिन अब तक कोई कार्यवाही नहीं हुई। जांच में सच्चाई का पता चल जाएगा। स्मार्ट मीटर के नाम पर हुए घोटाले की भी जांच होनी चाहिए।
उन्होंने स्मार्ट मीटर तुरंत हटवाने की मांग की। साथ ही कहा, तेजी से दौड़ रहे इन मीटरों के जरिये उपभोक्ताओं से लूट की भरपाई सरकार करें। उपभोक्ताओं के छह माह के के बिजली के बिल माफ किए जाए। किसानों के ट्यूबवेलों से मीटर हटाकर पहले की तरह ही व्यवस्था बहाल की जाए।