समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि भाजपा सरकार में अन्याय, महंगाई और भ्रष्टाचार ने लोगों का जीवन कठित हो गया है। किसान सबसे ज्यादा मुश्किल में हैं। कर्ज के दबाव में किसान आत्महत्या के लिए मजबूर हैं। भाजपा सरकार की नीतियां किसान विरोधी और कुछ पूंजीपतियों और बड़े उद्योग घरानों के समर्थन में हैं। गरीब, गांव की भाजपा राज में हर तरह से उपेक्षा की जा रही है।
जारी बयान में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि नए सत्र में गन्ने की पेराई शुरू हो गई है, लेकिन अभी तक भाजपा सरकार ने गन्ने का मूल्य तय नहीं किया है। गन्ना किसानों को अभी पिछले सत्र का भी बकाया भुगतान नहीं हुआ है। कायदे से तो किसान को गन्ना मूल्य के बकाया पर ब्याज भी मिलना चाहिए लेकिन भाजपा सरकार मूलधन ही नहीं दे पा रही है। जबकि भाजपा सरकार ने 14 दिन के बाद किसानों के गन्ना मूल्य पर ब्याज देने का वादा किया था। मिल मालिकों के दबाव में भाजपा सरकार किसानों से धोखा दे रही है।
किसानों से धान की खरीद में भी सरकारी अफसरशाही खेल कर रही है। किसान लुट रहा है और बिचौलिए कमाई कर रहे हैं। किसान को फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) भी नहीं मिल रहा है। केंद्र की भाजपा सरकार ने एमएसपी पर अपनी नीति अब तक स्पष्ट नहीं की है जबकि भाजपा सरकार ने किसानों के पिछले बड़े आंदोलन के दौरान एमएसपी देने का आश्वासन दिया था।
भाजपा सरकार ने गेंहू और रबी की फसल की बुवाई के लिए डीएपी- यूरिया खाद के अलावा और अन्य कीट नाशक रसायनों की व्यवस्था करने में घोर लापरवाही बरत रही है। किसान को भाजपा सरकार बनने के दिन से ही धोखे पर धोखा मिल रहा है। उसकी कर्जमाफी नहीं हुई। एमएसपी नहीं मिली। सरकारी खरीद केंद्रों में किसान का नहीं बिचौलियों और बड़ी कंपनियों के कारिंदों का माल बिक रहा है। किसान की फसल तो औने.पौने दाम पर खरीद ली जा रही है।
शोक जताया
सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने फिरोजाबाद में स्लीपर बस और डीसीएम की टक्कर में छह लोगों की मौत पर शोक जताया है। दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना की और संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने घायलों के स्वास्थ्य लाभ और मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा दिए जाने की मांग की है।
20 को कानपुर जाएंगे अखिलेश
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव 20 दिसंबर को कानपुर जाएंगे। वह कानपुर जेल में बंद विधायक हाजी इरफान सोलंकी से मुलाकात करेंगे। इस दौरान निजी कार्यक्रम में भी हिस्सा लेंगे।