फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अखिलेश बोले, यह कैसी अर्थव्यवस्था, खर्च करने तक की आजादी नहीं

Sun, 25 Dec 2016 06:02 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव - फोटो : amar ujala
विज्ञापन
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि यह कैसी अर्थव्यवस्था बनाई जा रही है, जिसमें अपना ही पैसा खर्च करने की इजाजत नहीं है। ‘अच्छे दिन’ का सपना दिखाने वाले अब उससे भी बड़ा ‘कैशलेस इंडिया’ का सपना दिखा रहे हैं।
विज्ञापन


न पहले वाला सपना हकीकत में बदला और न दूसरे सपने को हकीकत में बदलने के लिए केंद्र की भाजपा सरकार कुछ कर रही है। उल्टे, नोटबंदी से पैदा हुई दिक्कतों के चलते निजी कंपनियां कर्मचारियों की तनख्वाह में कटौती की योजना बना रही हैं।

सीएम शनिवार को अपने सरकारी आवास पर बीएसएफ, सीआरपीएफ व सेना के शहीदों और नोटबंदी के बाद बैंकों की लाइन में लगने के दौरान मरे लोगों के परिवारीजनों को आर्थिक सहायता के चेक बांट रहे थे।
विज्ञापन


इस अवसर पर उन्होंने शहीदों और बैंक लाइन में लगने पर मरे लोगों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा, कैसा वक्त आ गया है कि लोग अपनी मेहनत की कमाई पाने के लिए लाइन में लगे लेकिन रुपये नहीं मिले। उनकी मौत हो गई।

नोटबंदी की शुरुआत में काफी तादाद में लोग यह मान बैठे थे कि इससे बड़ा सकारात्मक बदलाव आएगा, मगर आज वे भी मानने लगे हैं कि इससे अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान हुआ है। इसकी भरपाई के तरीके केंद्र को ही ढूंढने होंगे।

सपना ही रह जाएगी 'कैशलेस सोसाइटी'

मुख्यमंत्री ने कहा, मुझे पूरा यकीन है कि जिन राज्यों में चुनाव हो रहे हैं, वहां की जनता भाजपा के खिलाफ खड़ी होगी। जिस तरह अच्छे दिन का सपना, सपना ही रह गया, वही हश्र ‘कैशलेस सोसाइटी’ के सपने का होगा।

जानकार भी कह रहे हैं कि कैशलेस सोसाइटी के सपने को हकीकत में बदलने की दिशा में केंद्र की कोई तैयारी नहीं है। गांवों के बैंकों में नकदी नहीं पहुंच रही है। यह मुसीबत थमने वाली नहीं क्योंकि कंपनियां भी वेतन में कटौती की योजना बना रही हैं। कहा कि ऑनलाइन ट्रांजेक्शन में तो और भी बड़े घपले हो सकते हैं। ऐसे अनेक उदाहरण हमारे सामने हैं।

उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उसकी परिवर्तन यात्रा जहां भी बैंक के सामने से गुजरी, वहां लाइन में लगे लोगों ने उस पर हमला बोल दिया। मेरा सुझाव है कि परिवर्तन रथ वहां से बचकर ही निकले तो ठीक रहेगा। कहा कि केंद्र की योजनाओं को हमने भरपूर सहयोग दिया।

गोरखपुर और रायबरेली में एम्स हमारी ही दी निशुल्क जमीन पर बन रहा है। वहीं केंद्र ने नीति आयोग बनाकर हमारा बड़ा नुकसान किया। अखिलेश ने कहा, विकास और नोटबंदी हमारा चुनावी मुद्दा होगा। अगर सड़क-बिजली मुद्दा है तो नोटबंदी क्यों नहीं होगा।

दिखाओ...किसने दी है यह न्यूज

मुख्यमंत्री ने कहा, मुझे पूरा यकीन है कि जिन राज्यों में चुनाव हो रहे हैं, वहां की जनता भाजपा के खिलाफ खड़ी होगी। जिस तरह अच्छे दिन का सपना, सपना ही रह गया, वही हश्र ‘कैशलेस सोसाइटी’ के सपने का होगा।

जानकार भी कह रहे हैं कि कैशलेस सोसाइटी के सपने को हकीकत में बदलने की दिशा में केंद्र की कोई तैयारी नहीं है। गांवों के बैंकों में नकदी नहीं पहुंच रही है। यह मुसीबत थमने वाली नहीं क्योंकि कंपनियां भी वेतन में कटौती की योजना बना रही हैं। कहा कि ऑनलाइन ट्रांजेक्शन में तो और भी बड़े घपले हो सकते हैं। ऐसे अनेक उदाहरण हमारे सामने हैं।

उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उसकी परिवर्तन यात्रा जहां भी बैंक के सामने से गुजरी, वहां लाइन में लगे लोगों ने उस पर हमला बोल दिया। मेरा सुझाव है कि परिवर्तन रथ वहां से बचकर ही निकले तो ठीक रहेगा। कहा कि केंद्र की योजनाओं को हमने भरपूर सहयोग दिया।

गोरखपुर और रायबरेली में एम्स हमारी ही दी निशुल्क जमीन पर बन रहा है। वहीं केंद्र ने नीति आयोग बनाकर हमारा बड़ा नुकसान किया। अखिलेश ने कहा, विकास और नोटबंदी हमारा चुनावी मुद्दा होगा। अगर सड़क-बिजली मुद्दा है तो नोटबंदी क्यों नहीं होगा।
विज्ञापन

बाकी बचे किसानों को जल्द मुआवजा

अखिलेश ने कहा, बदायूं सिंचाई परियोजना के उन किसानों को जल्द ही मुआवजा मिलेगा, जिन्हें अभी तक इस सुविधा का लाभ नहीं मिला है।

इस मामले को वे काफी गंभीरता से दिखवाएंगे। बता दें कि इस परियोजना के तहत बरेली में रामगंगा नदी पर बैराज बनाई जा रही है, जिसमें काफी किसानों की जमीनें ली गई हैं।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें