अखिलेश यादव का जिला प्रशासन से अनुमति नहीं मिलने पर सोमवार को प्रस्तावित रामपुर दौरा रद्द हो गया। उन्होंने मीडिया से कहा कि वे 13-14 सितंबर को फिर रामपुर जाने की कोशिश करेंगे। रामपुर जिला प्रशासन को गेस्ट हाउस में रुकने समेत पूरे कार्यक्रम की जानकारी दी गई थी, लेकिन प्रशासन ने उन्हें निजी होटल में रुकने के लिए कहा।
प्रशासन ने ऐसा माहौल बनाया ताकि वह रामपुर न जा सकें। उन्हें रामपुर जाने से रोकने के लिए सरकार काम कर रही है और डीएम सरकार को खुश करने के लिए काम कर रहे हैं। उन्होंने आजम खां के उत्पीड़न जिक्र करते हुए कहा कि राजनीतिक इतिहास में ऐसे मुकदमे पहले कभी नहीं हुए।
भावी पीढ़ियो के लिए बनाई गई जौहर यूनिवर्सिटी को खत्म करने के लिए यह कार्रवाई की जा रही है। पूरी पार्टी आजम खां के साथ खड़ी है। रामपुर में भाजपा-प्रशासन व कांग्रेस सब एक हैं। जो भाजपा है वही कांग्रेस है और जो कांग्रेस है वहीं भाजपा है।
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव (फाइल फोटो)
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अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधते हुए कहा कि 5, कालिदास में हम भी रहे हैं। लोकभवन इसलिए नहीं बनाया था कि वहां बैठकर सरकार अन्याय करें।
गीता में योगी की परिभाषा कुछ और है। योगी वह है जो दूसरे के दुख को अपना समझे। यहां तो योगी खुद दुख दे रहे हैं। यूपी को पीएम, राष्ट्रपति व गवर्नर तो मिले लेकिन जनता को कुछ नहीं मिला। प्राथमिक स्कूलों में बच्चे नमक रोटी खा रहे थे, उसे दिखाने वाले पत्रकार पर केस दर्ज हो गया।