राजधानी लखनऊ में सोमवार को सपा मुख्यालय में अखिलेश यादव ने पत्रकार वार्ता की। इस दौरान उन्होंने प्रदेश में भूमि अधिग्रहण और मुआवजे को लेकर सरकार को घेरा। कहा कि भाजपा के लोग जहां देखों जमीन कब्जा करने पहुंच जाते हैं। अयोध्या में लोगों के घर उजाड़े गए। उन्हें ठीक से मुआवजा भी नहीं मिला। गोरखपुर में विरासत गलियारा के नाम पर लोगों के घर उजाड़े गए।
उन्होंने आगे कहा कि पूरे प्रदेश के वाटर ट्रीटमेंट प्लांट बंद कर दिए गए हैं। नालों का पानी और गंदगी सीधे नदियों में डाली जा रही है। बुंदेलखंड की नदियों को इतना खोद दिया गया कि हर जिले में सड़क पर, खेत के किनारे टीले बने हुए हैं। हमने सुना है कि नोएडा के लोगों की 'प्रति व्यक्ति आय' जापान के लोगों से ज्यादा है। ये लोग इस तरह के आंकड़े लेकर आते हैं।
अखिलेश यादव ने शिल्पग्राम में आयोजित किए गए तीन दिवसीय आम महोत्सव के आखिरी दिन आम लेने के लिए मची लूट पर सरकार की चुटकी ली। कहा कि यदि हादसे में किसी की मौत हो जाती, तो खबर बनती। ये सरकार किसी कार्यक्रम का आयोजन ठीक से नहीं कर पाती। मैनेजमेंट की कमी से आम लूटने के लिए भगदड़ मची।
सपा मुखिया ने आगे कहा कि ये सरकार आस्था के नाम पर सिर्फ वोट लेती है। 9 वर्षों में कांवड़ियों के लिए कुछ भी काम नहीं किया। सात हजार करोड़ से गोरखपुर के लिए एक्सप्रेसवे बनाया जा रहा है। लेकिन, कांवड़ियों के लिए एक हजार करोड़ से कॉरिडोर नहीं बना पाई। मुख्यमंत्री ने अपने घर के लिए तो काम किया। लेकिन, कांवड़ियों के लिए कुछ नहीं किया।