अखिलेश यादव, साधना यादव, प्रतीक यादव
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अपनी मां साधना यादव के सवालों का सीधा जवाब देने से बचने की कोशिश की है। प्रतीक को राजनीति में लाने के सवाल पर कहा है कि राजनीति में कोई कभी भी आ सकता है लेकिन अब तो देर हो चुकी है। हालांकि अखिलेश ने बिना नाम लिए आरोप लगाया कि तमाम ताकतें साजिश व षडयंत्र कर रही हैं। जनता सब जानती है। उससे अपील है कि वह सपा को मौका दे।
मुख्यमंत्री सपा प्रदेश मुख्यालय में पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव की पत्नी साधना यादव ने मंगलवार को एक टीवी इंटरव्यू में अपने बेटे प्रतीक को राजनीति में लाने की इच्छा जताई। अखिलेश से जब इस पर प्रतिक्रिया पूछी गई तो उन्होंने अपने अंदाज में जवाब दिया। उन्होंने सवाल करने वाले पत्रकार से कहा कि ‘मैं तो कह रहा हूं कि राजनीति में आपमें से कोई आना चाहे तो आ जाए। अब तो बहुत लेट कर दी आपने। किस पार्टी से आना चाहते हो?’
सीएम से जब कहा गया कि साधना ने आपको गुमराह किए जाने की बात कही है। अखिलेश ने इस सवाल को टालते हुए कहा कि वह सीधे अंबेडकरनगर से सभा करके आ रहे हैं। कान भी पूरी तरह से खुले नहीं हैं। सीधा मैं आपके सामने आकर बैठ गया हूं, इसलिए मैं अपनी बात कर रहा हूं। उन्होंने कहा कि मैं कहता हूं कि जनता बहुत समझदारी से वोट दे। चुनाव उत्तर प्रदेश और देश की राजनीति के लिए हो रहा है। तमाम ताकतें साजिश और षडयंत्र कर रही हैं। जनता समाजवादियों को मौका दे। हम और तेजी से यूपी का विकास करेंगे।