विश्व स्वास्थ्य संगठन के बाद अब नीति आयोग ने भी कोविड प्रबंधन के लिए योगी सरकार के मॉडल की तारीफ की है। आयोग ने यूपी के मॉडल को अन्य राज्यों के लिए नजीर बताया है। नीति आयोग के आधिकारिक ट्विटर हैंडल से इस संबंध में दो महत्वपूर्ण ट्वीट किए गए हैं। नीति आयोग ने एक ट्वीट में कोरोना मरीजों का पता लगाने और संक्रमण फैलने और रोकने के लिए उन्हें होम आइसोलेट करने के लिए चलाए गए ट्रिपल टी (ट्रेस, टेस्ट और ट्रीट) के महाभियान की सराहना की है तो दूसरे में यूपी के ऑक्सीजन ट्रांसपोर्ट ट्रैकिंग सिस्टम की।
बृहस्पतिवार को नीति आयोग के ट्विटर अकाउंट पर आईं यह टिप्पणियां डब्लूएचओ द्वारा कोविड मैनेजमेंट के लिए राज्य सरकार की कामयाब रणनीति की तारीफ की पुष्टि करती दिखीं। आयोग ने अपने एक ट्वीट में कहा है कि यूपी सरकार की तरफ से राज्य के 97 हजार से अधिक गांवों में घर-घर जाकर कोरोना संक्रमित का पता लगाने और उन्हें आइसोलेट करने के महाभियान को अन्य राज्य भी दोहरा सकते हैं। इस ट्वीट में यह भी बताया गया है कि ट्रेस, टेस्ट और ट्रीट का यूपी मॉडल कोरोना को कोबू करने में बेहद प्रभावशाली सिद्ध हो रहा है।
अपने एक अन्य ट्वीट में नीति आयोग ने लिखा है कि उत्तर प्रदेश सरकार का ऑक्सीजन ट्रांसपोर्ट ट्रैकिंग सिस्टम बेहद प्रशंसनीय है। यूपी ने ऑक्सीजन ट्रैकिंग के लिए एक ऐसा डैशबोर्ड तैयार किया है जिसके जरिए ऑक्सीजन टैंकरों की रियल टाइम लोकेशन पता लगा सकते हैं। इससे तत्परता से और बेहतर ऑक्सीजन आवंटन संभव हुआ है। पहले जहां 250 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की उपलब्धता हो पा रही थी वहीं अब 1000 मीट्रिक टन होने लगी है।