लखनऊ। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत निक्षय मित्र प्रदीप गंगवार ने 25 टीबी रोगियों को गोद लिया। शुक्रवार को टुड़ियागंज टीबी यूनिट में आयोजित कार्यक्रम उन्होंने मरीजों को पोषण पोटली भी दी। पोटली में सोयाबीन बड़ी, दलिया, चना और गुड़ जैसी प्रोटीनयुक्त खाद्य सामग्री थी। इसका उद्देश्य टीबी रोगियों को उपचार के साथ पोषण सहयोग देना है।
जिला क्षय रोग अधिकारी एके सिंघल ने टीबी उपचार में दवाओं और पौष्टिक आहार के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने सामुदायिक भागीदारी को टीबी उन्मूलन के लिए महत्वपूर्ण बताया। सीएचसी टुड़ियागंज के अधीक्षक आरसी गुप्ता ने टीबी संक्रमण रोकने के लिए स्वच्छता की अपील की।
टीबी से ठीक होकर बने निक्षय मित्र
प्रदीप गंगवार ने बताय कि वह 2011 में टीबी से ग्रसित हुए थे। नियमित दवा और पौष्टिक आहार से वे छह माह में स्वस्थ हो गए। इस अनुभव ने उन्हें टीबी रोगियों की मदद के लिए प्रेरित किया। सीनियर ट्रीटमेंट सुपरवाइजर अभय चंद्र मित्रा ने टीबी के प्रमुख लक्षण और जांच के बारे में जानकारी दी।