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UP News: एडीजी प्रशांत कुमार का निर्देश- बच्चा चोरी की अफवाह फैलाने वालों पर लगाएं एनएसए

Fri, 09 Sep 2022 09:36 PM IST
अनुराग सक्सेना अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ

सार

एडीजी एलओ ने जिले सभी उच्चाधिकारियों से कहा है कि बच्चों की चोरी से संबंधित सभी तरह की सूचनाओं पर तत्काल कार्रवाई के लिए आरक्षी से लेकर अपर पुलिस अधीक्षक स्तर तक के अधिकारियों को तत्काल घटना स्थल पर पहुंचकर कार्रवाई करने के लिए निर्देशित किया जाए।
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एडीजी कानून व्यवस्था प्रशांत कुुमार। - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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प्रदेश में बच्चा चोरी की बढ़ती घटनाओं को देखते पुलिस महानिदेशक कार्यालय ने ऐेसे मामलों में तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में अपर पुलिस महानिदेशक कानून-व्यवस्था प्रशांत कुमार ने सभी जिलों पुलिस कप्तानों समेत अन्य जिम्मेदार अधिकारियों बच्चा चोरी से संबंधित शिकायतों पर संवेदनशीलता से कार्रवाई करने को कहा है।

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उन्होंने बच्चा चोरी की अफवाह को भी हल्के में न लेने की हिदायत देते हुए कहा है कि अफवाह या वास्तविक, ऐसी सभी सूचनाओं को गंभीरता से लिया जाए। वहीं, अफवाह फैलाने वालें लोगों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) लगाने की कार्यवाही करने के भी निर्देश दिए गए हैं।

एडीजी एलओ ने जिले सभी उच्चाधिकारियों से कहा है कि बच्चों की चोरी से संबंधित सभी तरह की सूचनाओं पर तत्काल कार्रवाई के लिए आरक्षी से लेकर अपर पुलिस अधीक्षक स्तर तक के अधिकारियों को तत्काल घटना स्थल पर पहुंचकर कार्रवाई करने के लिए निर्देशित किया जाए। उन्होंने कहा कि सिर्फ फोन से ही घटना की पुष्टि नहीं किया जाना चाहिए।

मौके पर जाएं अधिकारी- एडीजी

एडीजी की ओर से जारी निर्देश में पुलिस अधिकारियों को मौके पर जाकर गांवों और मोहल्लों में पीस कमेटियों, ग्राम प्रधानों, सभासदों समेत अन्य प्रमुख लोगों से संपर्क करके अफवाहों और हिंसक घटनाओं को रोकने के लिए जागरूक करने के लिए भी कहा गया है। एडीजी ने बच्चा चोरी का अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के साथ ही उनके खिलाफ 7 सीएलए एक्ट के तहत मुदकदमा दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।

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निर्देश में 15 दिन के भीतर आरोप पत्र तैयार करके अदालत में पेश करने और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ एनएसए के तहत कार्रवाई करने को कहा गया है। उन्होंने पांच वर्ष के दौरान बच्चा चोरी से संबंधित दर्ज मुकदमों के आधार पर हिंसा फैलाने वालों, मॉब लिंचिंग और अफवाह फैलाने वालों को चिन्हीत करते हुए उनका सत्यापन कराने के निर्देश दिया है।

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