लखनऊ। अयोध्या के पूर्व भाजपा विधायक ने केजीएमयू प्रशासन पर मनमानी का आरोप लगाते हुए शासन से शिकायत की है। उनका आरोप है कि संस्थान में तदर्थ कर्मचारियों को नियमित किए बिना स्थायीकरण करते हुए प्रोन्नति दी गई। ऐसा 20 से ज्यादा कर्मचारियों के मामले में किया गया।
मिल्कीपुर से पूर्व भाजपा विधायक गोरखनाथ बाबा ने चिकित्सा शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव को इस संबंध में कर्मचारियों की सूची व दूसरे दस्तावेज बतौर सुबूत भेजे हैं। शासन में संयुक्त सचिव अरुणेश कुमार द्विवेदी ने केजीएमयू को पत्र भेजा है। वहीं, केजीएमयू के प्रवक्ता प्रो. केके सिंह का कहना है कि सभी प्रोन्नति नियमानुसार हुई हैं। सरकार और शासन की मंशा कर्मचारियों को समयबद्ध प्रोन्नति देने की है। इसका जवाब शासन को भेजा रहा है।