रामजन्मभूमि के अस्थाई मंदिर में पिछले गर्मी के मौसम में लगाया गया एसी खराब हो गया है। इसको लेकर श्रीराम जन्मभूमि के मुख्य अर्चक आचार्य सत्येंद्र दास ने नाराजगी व्यक्त की है। उनका कहना है कि कई दिनों से एसी खराब है लेकिन इसको बनवाने की सुध कोई नहीं ले रहा है। रामलला को भीषण गर्मी झेलनी पड़ रही है। हालांकि गर्भगृह में पंखा व गर्भगृह के बाहर कूलर जरूर लगवाया गया है।
1992 से रामलला करीब 27 साल तक टेंट में रहे। इस दौरान उन्हें मूलभूत सुविधाओं से वंचित रहना पड़ा था लेकिन सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद रामलला जब अस्थायी गर्भगृह में विराजे तो उनका ठाठ-बाट बढ़ा। मौसम के अनुसार उनके लिए व्यवस्थाएं भी की जाने लगी। रामलला को गर्मी से बचाने के लिए एसी, कूलर व पंखा लगाया गया। ठंड से बचाने के लिए ऊनी वस्त्र, कंबल, रजाई व ब्लोअर की व्यवस्था की गई। हालांकि इस गर्मी रामलला को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
मुख्य अर्चक आचार्य सत्येंद्र दास ने बताया कि गर्भगृह में लगा एसी खराब हो गया है। कई बार इसको लेकर कहा गया लेकिन अभी तक इसे बनवाया नहीं गया है। गर्भगृह के अंदर पंखा तो लगा है और बाहर कूलर की व्यवस्था की गई है। सबसे ज्यादा दिक्कत आरती के समय होती है। पंखा बंद करना पड़ता है।
सत्येंद्र दास का कहना है कि रामजन्मभूमि परिसर में रामलला एक बालक के रूप में विराजमान हैं और जिस तरीके से घर में नन्हें बालक की सेवा की जाती है उसी तरह रामजन्मभूमि में भगवान रामलला और उनके चारों भाईयों की सेवा की जाती है।