इंस्पेक्टर नवाब अहमद के मुताबिक रामशंकर बृहस्पतिवार को बहन के घर करेंद गांव गए थे। शुक्रवार को वह बाइक से लौट रहे थे। बंधन बैंक के पास सुबह 10:30 बजे बाइक के सामने अचानक से साइकिल सवार आ गया। उसे बचाने के लिए उन्होंने ब्रेक लगा दिया। बारिश में भीगी सड़क होने के कारण उनकी बाइक फिसल गई। रामशंकर बाइक समेत सड़क पर गिर पड़े। इसी बीच दूसरी ओर से आ रही कार के पिछले पहिये की चपेट में आने से रामशंकर गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोग उन्हें सीएचसी लेकर गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
सीएचसी में जमा हुए सैकड़ों ग्रामीणों ने आरोपी कार चालक को गिरफ्तार करने और मुआवजे की मांग को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। करीब पांच घंटे तक ग्रामीणों ने सीएचसी से शव को ले जाने नहीं दिया। पुलिस ने काफी देर तक समझाया, लेकिन ग्रामीण नहीं माने। स्थानीय लोगों और अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद ग्रामीण शांत हुए। उधर, शव दवा काउंटर के पास रखा गया था, जिसकी वजह से अस्पताल की ओपीडी में आए मरीजों को काफी असुविधा हुई।
रामशंकर परिवार में अकेला कमाने वाले थे। वह ऑटो रिक्शा चला कर परिवार का खर्च चलाते थे। परिवार में पत्नी पप्पी, बेटी दीक्षा (7), बेटा रितिक (5) और अभय (3) हैं। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। इंस्पेक्टर के अनुसार, पप्पी की तहरीर पर अज्ञात चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। कार चालक का पता लगाया जा रहा है।
रामशंकर की फाइल फोटो व सीएचसी के बाहर प्रदर्शन करते ग्रामीण।
रामशंकर की फाइल फोटो व सीएचसी के बाहर प्रदर्शन करते ग्रामीण।
रामशंकर की फाइल फोटो व सीएचसी के बाहर प्रदर्शन करते ग्रामीण।