वाहन चालक की प्रति में 1200 से 2000 रुपये अथवा इससे अधिक जुर्माना भरकर पूरा शमन शुल्क वसूला जबकि कार्यालय की प्रति में जुर्माना राशि कम दिखाई। इस प्रकार कुल 50 मामलों में उसने 63,100 रुपये शमन शुल्क का गबन किया।
एएसपी यातायात ने कहा कि इस काम में सिपाही के साथ यातायात विभाग के अन्य कर्मचारियों की मिलीभगत भी शामिल है। फिलहाल प्राथमिकी दर्ज कर सिपाही को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। अन्य लोगों की संलिप्तता की जांच की जा रही है।