आरोप है कि पकड़े गए अन्य जुआरियों को छोड़ दिया लेकिन पुलिस ने मेरे भाई को नदी में कूदवा दिया। इन पर हत्या का मुकदमा दर्ज होना चाहिए। थानाध्यक्ष पीके सिंह का कहना है कि यह दो सिपाही जहां जुआ खेला जाता है, वहां गए थे, जिन्हें देखकर दीपू नदी में कूद गया था, जिसमें उसकी मौत हो गई। जो तहरीर मिली है, जिसमें मुश्कीनगर के गौस मोहम्मद का नाम सहित अज्ञात पुलिस कर्मियों को आरोपित ठहराया गया है। मामले से उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया गया है।
सीओ सदर राजेश यादव का कहना है कि परिवारीजन की ओर से जो तहरीर मिली है, उसमें सफदरगंज की पुलिस टीम को आरोपी बनाया है। जिस पर एसपी के निर्देश पर जो पुलिस कर्मी गए थे सभी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।