लखनऊ। गोमती रिवर फ्रंट पर 700 मीटर लंबी नेचर ट्रेल (जंगल वॉक पथ) विकसित की जा रही है। इससे लोगों को प्रकृति के करीब जंगल में सैर का अनुभव मिलेगा। इसके अलावा गोमती नदी में अक्तूबर से टूरिस्ट क्रूज का संचालन शुरू करने की तैयारी है। इस पर करीब पांच करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं।
एलडीए वीसी प्रथमेश कुमार ने बुधवार को स्थल निरीक्षण कर कार्यों की प्रगति देखी। उन्होंने नेचर ट्रेल में मियावाकी पद्धति से पौधे लगाने के निर्देश दिए, ताकि घने जंगल का अनुभव मिल सके। यहां बांस के झुरमुट, लैंडस्केपिंग, जिग-जैग स्लोप, सेल्फी और स्टैंडिंग पाॅइंट विकसित किए जाएंगे।
वीसी ने बताया कि एडीसीपी कार्यालय से गोमती बैराज के बीच चलने वाले 60 मीटर लंबे और 14 मीटर चौड़े क्रूज में 250 लोग सफर कर सकेंगे। इसका 50 फीसदी काम पूरा हो चुका है और इसे दिसंबर तक पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। दूसरा क्रूज गोमती बैराज से हनुमान सेतु के बीच चलेगा। 45 मीटर लंबे और 10 मीटर चौड़े इस क्रूज में 200 लोग यात्रा कर सकेंगे। इसे अक्तूबर तक शुरू करने का लक्ष्य है।
रिवर फ्रंट पर एडीसीपी कार्यालय के पास दो करोड़ रुपये से लैंडस्केप, पाथ-वे और प्रवेश द्वार बनाए जा रहे हैं। यहां शौचालय और रेलिंग भी बनेगी। बच्चों के लिए 86 लाख रुपये से आधुनिक झूले लगाए जा रहे हैं। संचालन से पहले झूलों की सुरक्षा जांच कराने के निर्देश दिए गए हैं।