क्रिकेट मैच के दौरान रची थी व्यापारी के अपहरण की साजिश, सरगना की तलाश
लखनऊ। बंगलूरू के व्यापारी मंजूनाथ को अगवा कर एक करोड़ फिरौती मांगने के मामले में सरगना विवेक की तलाश की जा रही है। छानबीन में सामने आया है कि आरोपियों ने क्रिकेट मैच खेलने के दौरान अपहरण की साजिश रची थी। एसीपी कृष्णानगर विकास कुमार पांडेय के मुताबिक मंजूनाथ की फोन पर राजू नाम के युवक से बात हुई थी। राजू के बारे में पता लगाया जा रहा है।
पुलिस बुधवार को मंजूनाथ और उनके कारोबारी दोस्त कानपुर के नाजिर बाग बेकनगंज निवासी सैय्यद इसरार अहमद का मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज कराएगी। एसीपी ने बताया कि बंगलूरू निवासी सैयद दानिश ने ईमेल के जरिए मंजूनाथ को अगवा किए जाने की सूचना दी थी। इसके बाद केस दर्ज किया गया था।
मंगलवार को दानिश लखनऊ पहुंचे और बयान दर्ज कराया। पुलिस ने जरूरी दस्तावेज पर दानिश के हस्ताक्षर कराए हैं। दानिश ने फिरौती मांगे जाने के साक्ष्य दिए हैं। पुलिस का कहना है कि गिरोह के सरगना विवेक ने गिरफ्तार किए गए आरोपियों को रुपये कमाने का लालच दिया था। आरोपी ने पहले भी लोगों को अगवा कर फिरौती वसूली थी।
ये है मामला
व्यापारी को अगवा करने के आरोप में पुलिस ने पारा के कुल्हड़ कट्टा निवासी आकाश यादव, डिप्टी खेड़ा निवासी प्रदीप पाल और मोहान रोड निवासी दरोगा अनंत दुबे के बेटे आदर्श दुबे को गिरफ्तार किया था। आकाश आईटीआई का छात्र है, जबकि आदर्श बीए की पढ़ाई कर रहा है और प्रदीप 12वीं फेल है। आरोपियों के चंगुल से दोनों व्यापारियों को सकुशल बरामद किया गया था। पूछताछ में आरोपियों ने बताया था कि उन्होंने इंस्टाग्राम के जरिये मंजूनाथ से संपर्क किया था और उन्हें काले धन को सफेद करने पर 10 प्रतिशत कमीशन देने का झांसा दिया था।