रायबरेली के बछरावां कोतवाली क्षेत्र में शनिवार की रात हाईवे पर खड़े मिनी ट्रक (डीसीएम) से बोलेरो जा घुसी। इससे बोलेरो सवार निजी नर्सिग होम संचालक और उसके गाड़ी चालक की मौत हो गई। बोलेरो की रफ्तार इतनी तेज थी कि उसके परखच्चे उड़ गए। पुलिस ने पहुंचकर हादसे की जांच की। दो लोगों की मौत से परिजनों में मच गया है।
बछरावां थाना क्षेत्र के जलालपुर गांव निवासी आशीष चौधरी (38) पुत्र राकेश कुमार बछरावां कस्बे में आरके नर्सिग होम का संचालन करता था। वह बछरावां के साथ ही लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र के मइवया में भी रहता था। बछरावां क्षेत्र के विशुनपुर गांव निवासी शैलेंद्र पटेल उर्फ लालू (40) पुत्र स्व. संतलाल (40) नर्सिग होम संचालक का दोस्त था। साथ ही उसकी गाड़ी भी चलाता था।
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रात में दोनों बोलेरो से रायबरेली की तरफ आ रहे थे। लखनऊ-प्रयागराज राष्ट्रीय राजमार्ग पर कन्नावां गांव के पास सड़क किनारे खड़े ट्रक में बोलेरो घुस गई। इससे बोलेरो सवार आशीष और उसके वाहन चालक लालू की मौत हो गई। कोतवाल बृजेश कुमार राय ने बताया कि तहरीर मिलने पर केस दर्ज होगा।
नर्सिग होम संचालक और उसके दोस्त में हुआ था विवाद
पुलिस के मुताबिक मृतक लालू की पत्नी के पैर में चोट लग गई थी। शनिवार की शाम छह बजे वह अपनी पत्नी को दिखाने के लिए नर्सिग होम पहुंचा था। संचालक आपरेशन कक्ष में था। इसलिए उसकी पत्नी का इलाज नहीं हो पाया था। इसके बाद लालू अपनी पत्नी के साथ घर वापस लौट आया था। रात 10.30 बजे फिर नशे की हालत में लालू नर्सिग होम पहुंचा।
इस दौरान नर्सिग होम संचालक से उसका विवाद हो गया बाद में नर्सिग होम संचालक को बोलेरो पर बैठा लिया और तेज रफ्तार से गाड़ी चलाते हुए रायबरेली की तरफ निकल पड़ा। रफ्तार अधिक होने पर बोलेरो अनियंत्रित होकर मिनी ट्रक के अंदर घुस गई। इससे दोनों की मौत हो गई।