लखनऊ। बेरोजगारों को खाड़ी देशों में नौकरी दिलाने के नाम पर एक टूर-ट्रैवल कंपनी पर ठगी का आरोप है। आरोप है कि बेरोजगारों के पासपोर्ट हड़पकर वीजा देने के नाम पर उनसे 50 लाख रुपये ठगे गए। पीड़ितों को पासपोर्ट देने केलिए लखनऊ बुलाया गया लेकिन कंपनी के कार्यालय में ताला बंद कर आरोपी भाग गए। पीड़ितों ने गोमतीनगर थाने में आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर कराया है।
प्रभारी निरीक्षक गोमतीनगर केशव कुमार तिवारी के मुताबिक, बस्ती जिले के गौरा निवासी संजय गुप्ता को देवा पैलेस स्थित ब्लू लाइन टूर-ट्रैवल सर्विस के बारे में पता चला। संजय गुप्ता ने बताया कि कंपनी को अजय कुमार सिंह, विनीत कुमार, शिवशंकर सिंह और राहुल कुमार सिंह संचालित करते हैं। ऑनलाइन सर्च किया तो पूरी जानकारी मिली कि कंपनी विदेशों में नौकरी दिलाने का काम करती है। गोमतीनगर स्थित देवा पैलेस कार्यालय पहुंचे। वहां खाड़ी देशों में नौकरी दिलाने के लिए आश्वासन दिया। उनके साथ आए कुछ लोगों का पासपोर्ट जमा कराने के बाद कहा कि कुछ दिन में वीजा बनकर आ जाएगा। वीजा पर एक लाख रुपये तक का खर्च आएगा जिसे जमा करना होगा। संजय के मुताबिक, करीब 50 बेरोजगारों से एक-एक लाख रुपये जमा कराए गए। इन सभी का वीजा के लिए आवेदन कराया गया। इसके बाद 15 दिन में वीजा मिलने की बात कही लेकिन संपर्क करने पर आरोपी टालमटोल करते रहे।
कार्यालय पर बंद था ताला
पीड़ितों का आरोप है कि उनको 15 मार्च को विदेश जाने की तारीख बताई गई थी। इसी दिन वीजा के लिए लखनऊ स्थित कार्यालय बुलाया गया लेकिन जब वह कार्यालय पहुंचे तो वहां ताला बंद था। पीड़ितों का आरोप है कि जब संचालक अजय कुमार सिंह, विनीत कुमार, शिवशंकर सिंह और राहुल कुमार सिंह से संपर्क किया गया तो टालमटोल करने लगे। एक-एक दिन कर एक सप्ताह तक टालमटोल का रवैया अख्तियार किया। इसके बाद मोबाइल बंद कर दिया। पीड़ितों के मुताबिक, इसके बाद वह गोमतीनगर थाने पहुंचे जहां से डीसीपी पूर्वी के कार्यालय गए। डीसीपी को पूरी जानकारी दी। जिस पर उन्होंने मुकदमा दर्ज कर जांच करने का आदेश दिया। प्रभारी निरीक्षक गोमतीनगर केशव कुमार तिवारी केमुताबिक, संजय गुप्ता, अर्जुन कुशवाहा, गौतम शुक्ला, प्रदीप कुमार, मो. वकील, संतोष जायसवाल, रीतेश चौधरी, रितेश गुप्ता ने तहरीर दी है जिसके आधार पर चारों संचालकों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।