अयोध्या में योगी सरकार द्वारा 2017 में दीपोत्सव मनाने की शुरुआत के बाद अब तक दीपों की संख्या में लगभग चार गुना की वृद्धि हुई है इसलिए अयोध्या की इस बार की दिवाली कुछ खास है। अपने राम के दीदार के लिए अयोध्या का भव्य श्रृंगार हो रहा है। इस सुनहरे अवसर पर अयोध्या के 24 घाट दीये की रोशनी से जगमगायेंगे। खास बात यह है कि दिवाली में कोविड प्रोटोकॉल को ध्यान में रखते हुए इसके अनुपालन के लिए व्यापक इंतजाम किए गए है।
इस बार दीपोत्सव पर राम की नगरी अयोध्या 5 लाख 51 हजार दीपों से जगमगाएगी और गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज कराएगी। 492 साल बाद यह मौका आया है जब अयोध्या भगवान श्रीराम के भव्य स्वागत की गवाह बनेगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 2017 में अयोध्या में दीपोत्सव मनाने की शुरुआत की। इस दौरान 1 लाख 65 हजार दीप जले। वहीं 2018 में 3 लाख 150 दीप जलाकर विश्व रिकॉर्ड बना।
रामनगरी अयोध्या में 24 घाटों पर 5.51 लाख दीये प्रज्जवलित किए जायेंगे जिसमें 29 हजार लीटर तेल से अयोध्या दीयों की रोशनी से जगमग होगी।
राम मंदिर पर फैसला आने के बाद से दीपोत्सव के लिए रामनगरी के साधु-संत और सभी भक्त उत्साहित हैं। अयोध्या में त्रेतायुग जैसी दिवाली मनाने की परंपरा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 2017 में शुरू की थी, तब से हर साल यहां दीप प्रज्जवलन का नया रिकॉर्ड बन रहा है।