मटेराचौराहा (बहराइच)। प्रधानमंत्री की सौभाग्य योजना से जहां घर-घर बिजली पहुंचाई जा रही है, वहीं भगवानपुर ग्राम पंचायत अब तक बिजली से अछूती है।
दो दशक पूर्व यहां विद्युत लाइन खींची गई थी। इस पर ग्रामीणों को आस बंधी थी कि अब जल्द बिजली भी मिल जाएगी। पर ऐसा नहीं हुआ। ट्रांसफार्मर जंग खाकर जर्जर हो चुके हैं। अब ग्रामीण बिना डर इन तारों पर कपड़ों फैला रहे हैं।
विकासखंड शिवपुर की ग्राम पंचायत भगवानपुर में पांच मजरे हैं। आबादी लगभग आठ हजार के आसपास है। लेकिन भगवानपुर, गड़रियनपुरवा, अहिरनपुरवा और पसियनपुरवा गांव के लोगों के लिए बिजली सपना है।
इन गांवों में विद्युत पोल गड़े हुए हैं। विद्युत लाइनेें दौड़ी हैं, लेकिन बिजली के तारों में करंट न होने से मजरे अब तक रोशन नहीं हो सके हैं। ट्रांसफार्मर भी जंग खा चुके हैं।
इस मामले में मटेरा उपकेंद्र के जेई दीपक कुमार यादव ने कहा कि ग्रामीणों ने कई बार पत्र सौंपा है। कुछ विद्युत लाइन जर्जर हो चुकी है, उसे बदलना पड़ेगा। इसके लिए स्टीमेट तैयार कर उच्चाधिकारियों को भेजा है।
ग्रामीणों से लिए पैसे, पर नहीं मिला कनेक्शन
गांव निवासी बुधसागर, कैलाश दूबे, राजकुमार, दयाराम वर्मा, पहलवान, रामप्रसाद वर्मा, राजेंद्र, राधेश्याम आदि का कहना है कि विद्युत लाइन बिछाने के बाद से गांव के लोग बिजली के लिए परेशान थे।
काफी गुहार के बाद कुछ दिन पहले मटेरा उपकेंद्र के जेई संदीप गुप्ता ने 66 लोगों से एक-एक हजार रुपये विद्युत कनेक्शन के लिए जमा करवाए थे। पर रसीद 130 रुपये की दी थी। कहा था कि माह भर में विद्युत सप्लाई शुरू हो जाएगी, लेकिन कई साल बीत गए। बल्ब नहीं जल सका।
एक्सईएन बोले- एक माह में रोशन हो जाएंगे गांव
ग्राम पंचायत भगवानपुर का मामला काफी पुराना है। विद्युत लाइन बिछाने के बावजूद सप्लाई शुरू न होने का मामला संज्ञान में है। सर्वे करवाया है।
गांव को पावर योजना के तहत चयनित कर लिया गया है। विद्युत लाइनों को दुरुस्त कर एक माह में गांव को रोशन करने की कोशिश हो रही है।
-सुनील कुमार चौधरी, एक्सईएन नानपारा