लेसा के सिस व ट्रांस गोमती क्षेत्र के 30 हजार उपभोक्ता का जनवरी में बिजली बिल नहीं बन सका। कहीं मीटर रीडर ही नहीं पहुंचा तो कहीं स्मार्ट मीटर की फीडिंग न हो पाने से ऐसा हुआ। इससे इन उपभोक्ताओं पर जनवरी के बिल का बोझ बढ़ गया है।
औसतन हर माह पौने पांच से पांच लाख उपभोक्ताओं के बिजली बिल बनते थे। इनमें सबसे ज्यादा गिरावट अपट्रान, कानपुर रोड एवं रेजीडेंसी खंडीय इलाके में आई है। लेसा सिस गोमती में जनवरी में 17,839 उपभोक्ताओं के बिल नहीं बन पाए।
यहां 9820 उपभोक्ताओं के इलेक्ट्रानिक मीटर को बदल करके स्मार्ट मीटर लगे, जिनकी शत प्रतिशत फीडिंग नहीं हो सकी। इससे उपभोक्ता बिल जमा नहीं कर पाए। वहीं ट्रांस गोमती के अधीक्षण अभियंता डीके त्रिपाठी के मुताबिक 82 फीसदी उपभोक्ताओें के बिजली बिल बने।
यहां 13,500 इलेक्ट्रानिक मीटर हटाकर स्मार्ट मीटर लगाए गए। उधर, उपभोक्ताओं ने बताया कि जनवरी में जिनके कनेक्शन पर स्मार्ट मीटर लगे उनकी फीडिंग न होने के कारण बिल नहीं बन सके तो कैसे भुगतान करें।