लोहिया अस्पताल में स्टाफ की लापरवाही से कुत्तों के लाश नोच डालने के मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने विभूतिखंड पुलिस ने बाराबंकी के जहांगीराबाद का रहने वाले इस्लाम, आजमगढ़ के रौनापार के पवन और अम्बेडकरनगर निवासी आशीष मिश्र को अरेस्ट कर लिया है। एक और आरोपी अनिल की तलाश की जा रही है।
ये चारों अपना ग्रुप एजेंसी के सुरक्षाकर्मी हैं और लोहिया अस्पताल की इमरेंसी और मर्च्युरी में तैनात थे। इनमें से आशीष और अनिल सुपरवाइसर हैं। इस्लाम वार्ड बॉय, पवन गार्ड है। एसआई विनोद कुमार ने इन्हें अस्पताल से ही गिरफ्तार किया है। रविवार देर रात डेढ़ बजे इन लोगों की गिरफ्तारी हुई है।
बता दें कि सिकंदरपुर खुर्द निवासी विनोद तिवारी एक निजी कंपनी में काम करते हैं। शनिवार सुबह उनकी पत्नी पुष्पा तिवारी (38) ने संदिग्ध हालात में जहरीला पदार्थ खा लिया था।
पुष्पा को लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी में सुबह 10.10 बजे भर्ती कराया । शनिवार शाम 6.05 बजे पुष्पा की मौत हो गई। परिवारीजन रविवार सुबह करीब आठ बजे शव लेने आए तो वहां कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था। उनका कहना है कि मॉर्च्युरी के चैनल गेट से ही लाश दिख रही थी। डीप फ्रीजर रूम के बाहर खून बिखरा हुआ था।
लाश की हालत देखते ही परिवारीजनों ने जबरदस्त हंगामा किया था। करीब तीन घंटे तक हंगामा चलता रहा। पुष्पा के भाई मदन का आरोप है कि बहन के झुमके, मंगलसूत्र व अन्य गहने गायब हैं। कुत्तों ने लाश को इतनी बुरी तरह नोच डाला था कि महिला के चेहरे की जगह सिर्फ कंकाल दिख रहा था।