केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी जन-धन योजना से उत्तर प्रदेश के 17663 डाकघरों को भी जोड़ा जाएगा। डाक विभाग सभी ग्रामीण और शहरी डाकघरों को जन-धन के लिए लिंक करेगा।
आम बजट में डाकघरों को जन-धन से जोड़ने की घोषणा के बाद ग्रामीण डाकघरों को लिंक करने के लिए वहां इंटरनेट जैसी सुविधा शुरू करने के प्रोजेक्ट पर काम किया जाएगा।
पहले चरण में कोर बैंकिंग सर्विस (सीबीएस) वाले डाकघरों में जन-धन योजना शुरू होगी। यूपी सर्किल के निदेशक डाक सेवा वीके दक्ष का कहना है कि उत्तर प्रदेश में कुल 17663 डाकघर हैं। इनमें ग्रामीण क्षेत्रों में 15113 शाखा डाकघरों से लाखों उपभोक्ता जुड़े हुए हैं जबकि बड़ा निवेश 2550 विभागीय डाकघरों में हो रहा है।
ग्रामीण क्षेत्र में दोनों तरह के 15700 से अधिक डाकघर हैं। डाक निदेशालय ने पहले ही बैंकिंग का लाइसेंस लेने के लिए रिजर्व बैंक को प्रस्ताव भेज रखा था। बजट में डाकघरों को जन-धन से जोड़ने की घोषणा के बाद अब बैंकिंग के क्षेत्र में विस्तार किया जा सकेगा। डाक विभाग अभी तक रेकरिंग डिपॉजिट जैसी बचत योजनाएं चला रहा था। अब अन्य बचत योजनाएं भी शुरू की जा सकेंगी।