गोबर से तैयार किए जा रहे हैं दीये
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पर्यावरण संरक्षण के लिए इस बार शहर में गोमय दीपावली मनाई जाएगी। गोमती तट स्थित झूले लाल घाट पर गोबर से बने एक लाख दीये जलाए जाएंगे। इसके अलावा लखनऊवासियों को भी गोबर के बने दीये कम से कम कीमत पर उपलब्ध कराने की योजना है। दीये बनाने का काम नगर निगम के कान्हा उपवन में शुरू हो गया है और अब तक करीब 15 हजार दीये तैयार हो गए हैं।
इसे लेकर बीते माह गोसेवा आयोग के अध्यक्ष श्याम नंदन सिंह और नगर आयुक्त अजय द्विवेदी की विशेष बैठक हुई थी। गोसेवा आयोग और नगर निगम की पहल पर कान्हा उपवन में गोबर के दीये बनाने का काम शुरू हो गया है। दीये बनाने का काम स्वयं सहायता समूह की महिलाएं कर रही हैं।
संयुक्त निदेशक पशु कल्याण डॉ. अरविंद राव ने बताया कि नगर आयुक्त अजय ने यह निर्देश दिया है कि गोमती तट पर गोमय दीपावली के लिए एक लाख दीये बनाए जाने के बाद जो और दीये बनेंगे वह शहरवासियों को सस्ती कीमत पर उपलब्ध कराए जाएंगे। डॉ. राव का कहना है कि कीमत तो अभी तय नहीं है, मगर प्रयास है कि एक दीये की कीमत दो रुपये से कम ही हो। दीया काफी मजबूत बनाया गया है, जिससे वह गिरने पर टूटता भी नहीं है।