सीतापुर। अब जाम में फंसकर अपनी मंजिल तक पहुंचने में होने वाली देरी को लेकर परेशान होने की जरूरत नहीं है। शहर में किस रूट पर जाम है, कौन सा रूट ब्लॉक है, जाम से बचने के लिए किस रूट से होकर जाएं, इसकी जानकारी अब आपको स्मार्ट फोन पर मिलेगी। बस इसके लिए आपको ‘यूपी ट्रैफिक एप’ डाउनलोड करना होगा। इस एप पर आप शहर के ट्रैफिक की अपडेट हासिल कर सकते हैं।
शहरों में बढ़ते यातायात के दबाव व जाम से लोगों को राहत दिलाने के लिए यातायात निदेशालय की ओर से ‘यूपी ट्रैफिक एप’ तैयार कराया गया है। अपने शहर में भी इस एप ने काम करना शुरू कर दिया है। शहर में भी जाम की समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। अतिक्रमण और यातायात के बढ़ते दबाव से सड़कें सिकुड़ती जा रही हैं। अक्सर देखने में आता है कि जाम में फंसकर कई-कई घंटे तक लोग हलकान होते रहते हैं। इससे उन्हें गंतव्य तक पहुंचने में भी देर हो जाती है। कई बार जाम में समय बर्बाद होने पर लोगों के महत्वपूर्ण काम बिगड़ जाते हैं। जाम की समस्या से निपटने के लिए यातायात विभाग ने समय के साथ चलते हुए एक हाईटेक व आसान तरीका ईजाद किया है। इसके लिए ‘यूपी ट्रैफिक एप’ नाम का एक मोबाइल एप बनाया गया है। एप संचालित करने के लिए प्रदेश के सभी शहरों से यातायात प्रभारी व उनके मातहतों को लखनऊ में प्रशिक्षण दिया गया। इस मोबाइल एप्लीकेशन ने जिले में काम करना शुरू कर दिया है। इसकी मदद से शहर की सड़कों पर यातायात के दबाव या जाम संबंधी ट्रैफिक अलर्ट की जानकारी अपने मोबाइल पर हासिल कर सकते हैं। यातायात प्रभारी रमेशचंद्र यादव ने बताया कि ‘यूपी ट्रैफिक एप’ का संचालन शुरू हो गया है। हमारी तरफ से इस पर ट्रैफिक की अपडेट भी दी जा रही है। स्मार्ट फोन धारक इस एप का इस्तेमाल कर सकते हैं।
इस तरह करें एप का इस्तेमाल
अपने स्मार्टफोन में आप गूगल प्ले स्टोर से यह एप निशुल्क डाउनलोड कर सकते हैं। एप में अपना नाम, मोबाइल नंबर, ई-मेल आदि की जानकारी देकर खुद को रजिस्टर करना होगा। इसके बाद आप ट्रैफिक की अपडेट जान सकते हैं। अपनी समस्या अथवा सुझाव यातायात पुलिस को दे सकते हैं और शिकायत भी दर्ज करा सकते हैं। ‘हेल्प-मी’ विकल्प में आपात स्थिति के दौरान मदद भी मांग सकते हैं।
यातायात नियमों की जानकारी भी मिलेगी
एप के जरिए आपको ट्रैफिक नियमों से जुड़े मैसेज भी भेजे जाएंगे। मसलन, बाइक चलाते वक्त हेलमेट लगाएं। नो पार्किंग में वाहन न खड़ा करें। सीट बेल्ट लगाकर कार चलाएं। इसके अलावा ट्रैफिक नियमों को तोड़ने पर लगने वाले जुर्माने के बारे में भी मैसेज आते रहेंगे। ट्रैफिक अफसरों का कहना है अधिक से अधिक लोगों को इस एप से जोड़कर उन्हें जागरूक किया जाएगा।