खरगूपुर (गोंडा)। थाना क्षेत्र के मस्जिदिया गांव में एक माह पूर्व कथित हादसे में हुई एक युवक की मौत के मामले में शुक्रवार को जिला मजिस्ट्रेट के आदेश पर मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में कब्र खोदकर उसका शव बाहर निकाला गया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
थानाध्यक्ष खरगूपुर दद्दन सिंह ने बताया कि थाना क्षेत्र के मस्जिदिया गांव के रहने वाला इरशाद (22) पुत्र असलम आठ अप्रैल को खरगूपुर निवासी सलमान के साथ बाइक से मुख्यालय गया था। उसी दिन शाम को वापसी के दौरान गोंडा-बलरामपुर मार्ग पर हादसे में इरशाद की मौत की सूचना उसके घर वालों को मिली थी। परिवारीजन मौके पर पहुंचे, उससे पहले खरगूपुर कस्बे के रहने वाले दो युवक एक निजी एंबुलेंस से इरशाद का शव लेकर उसके घर पहुंच गए। इरशाद के भाई मोहम्मद अकबाल ने इरशाद की मौत सड़क हादसे में मानकर उसके शव को दफना दिया था। मगर बाद में उसे पता चला कि इरशाद की हत्या करके उसे हादसा दर्शाया गया है तो अकबाल ने अदालत से मामले में एफआईआर दर्ज कराने की फरियाद की। अदालत के आदेश पर थाना खरगूपुर में मोहम्मद अकबाल की ओर से सलमान समेत तीन लोगों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। हत्या की रिपोर्ट दर्ज होने के बाद थानाध्यक्ष खरगूपुर ने जिला मजिस्ट्रेट से कब्र खोदवाने की अनुमति मांगी। जिला मजिस्ट्रेट के आदेश पर शुक्रवार को न्यायिक मजिस्ट्रेट महेंद्र कुमार सिंह की मौजूदगी में कब्र खोदकर शव को बाहर निकाला गया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।