गोंडा। जिले की मनकापुर तहसील के टिकरी वन क्षेत्र में टांगिया पद्घति की शुरुआत 1926 में हुई थी। तब से इस वन क्षेत्र में चार वन टांगिया गांवों के लोग खानाबदोश जिंदगी जी रहे हैं। इन्हें न तो वोट डालने का अधिकार मिला, न राशन कार्ड मिला और न ही किसी सरकारी योजनाओं का लाभ। जिस आजाद देश को 71 साल हो गए, ऐसे देश में गोंडा के वन क्षेत्र में रहने वाले 469 लोग नागरिक नहीं बन पाए। अब इनके दिन बहुरने वाले हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चार गांवों को मिलाकर तीन राजस्व गांव घोषित करने के लिए गुरुवार को ही नोटिफिकेशन जारी करा दिया है। इन गांवों में रहने वाले 122 परिवार चिन्हित किए गए हैं। इन सभी परिवारों को सीएम या पीएम आवास योजना के तहत प्रति आवास 1.20 लाख रुपये आवास के लिए दिए जाएंगे। इनके राशन कार्ड बनेंगे और राशन भी मिलेगा।
मनकापुर तहसील के अंतर्गत अशरफाबाद, कटहर बुटहनी, मनीपुर ग्रंट व रामगढ वन टांगिया गांव हैं। अशरफाबाद टांगिया में कुल नौ घरों मे 64 लोग, मनीपुर टांगिया के 13 घरों में 99, बुटहनी टांगिया के 57 घरों में महिला पुरुष-बच्चों को मिलाकर 632 लोग निवास करते हैं। इन तीनों गांवों के टांगिया परिवारों को अभी तीन माह पहले राशन कार्ड दिया गया है, लेकिन उन्हें अभी इसका लाभ नहीं मिल रहा है। मनीपुर निवासी टांगिया खुशीराम ने बताया कि गांव के इन परिवारों को अभी तक न तो आवास दिया गया और न ही गांव में विद्यालय, बिजली, आंगनबाङी केंद्र की व्यवस्था है। अशरफाबाद टांगिया गांव के रोजन अली ने बताया कि वर्ष 2013 में तत्कालीन जिलाधिकारी रौशन जैकब ने गांव में पेयजल व्यवस्था के लिए 9 इंडिया मार्का हैंडपंप लगवाए थे। बुटहनी तथा अशरफाबाद में एक इंडिया मार्का हैंडपंप दिया गया था। जिसमें अशरफाबाद का इंडिया मार्का हैंडपंप खराब है। टांगिया मजदूर राजाराम, साबिरा बेगम, ओमप्रकाश, किसमता ने बताया कि उन लोगों की तीसरी पीढ़ी वन टांगिया में है। विभाग द्वारा हर पांच साल पर उन लोगों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर स्थानांतरित किया जाता है। टांगिया मजदूरों का कहना है कि टिकरी वन क्षेत्र में टांगिया पद्धति की शुरुआत 1926 में की गई थी।
हर परिवार को मिलेगी 10-10 बीघा जमीन
वनटांगिया गांवों को राजस्व गांव घोषित करने के लिए नोटिफिकेशन जारी किया गया है। चार गांवों को तीन राजस्व गांव बनाए जाएंगे। इसमें अशरफाबाद, कटहर बुटहनी व मनीपुर ग्रंट को मिलाकर एक राजस्व गांव तथा रामगढ़ को राजस्व गांव घोषित किया जाएगा। इन गांवों में रहने वाले 122 परिवारों को 10-10 बीघा जमीन खेती के लिए दी जाएगी। सभी परिवारों को पेंशन, राशन, गांव में बच्चों के पढ़ने के लिए स्कूल, आंगनबाड़ी केंद्र तथा संचालित सभी योजनाओं का लाभ दिया जाएगा। इसका प्रमाण पत्र सीएम योगी आदित्यनाथ स्वयं देंगे।
अमवा व अशरफाबाद के बीच होगा सीएम का कार्यक्रम
जिलाधिकारी जेबी सिंह, एसपी लल्लन सिंह व विधायक प्रभात वर्मा ने गुरुवार को ही सीएम के कार्यक्रम स्थल का जायजा लेकर तैयारी पूरी कर ली है। विधायक प्रभात वर्मा ने बताया कि अमवा व अशरफाबाद के बीच सीएम का हेलीपैड तैयार कराया जा रहा है। सीएम का कार्यक्रम शुक्रवार की देर शाम या शनिवार की सुबह तक आ जाएगा।
इनसेट
चार गांव (मनकापुर तहसील के टिकरी जंगल अन्तर्गत अशरफाबाद, बुटहनी, मनीपुर व रामगढ़)
कुल परिवारों की संख्या-122
जनसंख्या-632 ( महिला, पुरुष व बच्चे)