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UP News : प्रदेश के 12 कॉलेजों को बनाया मेंटर, नर्सिंग एवं पैरामेडिकल कॉलेजों की व्यवस्था सुधारने की रणनीति

Sun, 01 Jan 2023 11:13 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ

सार

इसमें तीन सरकारी और नौ निजी क्षेत्र के कॉलेज हैं। ये कॉलेज मेंटर इंस्टीट्यूट के रूप में अन्य कॉलेजोें के लिए एकेडमिक कलेंडर तैयार करेंगे। टाइम टेबल, क्लीनिकल एवं कम्युनिटी प्रैक्टिस, एसेसमेंट, इंफ्रास्ट्रक्चर आदि की निगरानी रखेंगे।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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उत्तर प्रदेश के नर्सिंग एवं पैरामेडिकल कॉलेजों की व्यवस्था सुधारने के लिए 12 कॉलेजों को मेंटर इंस्टीट्यूट बनाया गया है। इनके साथ उत्तर प्रदेश स्टेट मेडिकल फैकल्टी ने एमओयू किया है। ये कॉलेज अन्य कॉलेजों की व्यवस्था में सुधार करने में सहयोग देंगे।

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इसमें तीन सरकारी और नौ निजी क्षेत्र के कॉलेज हैं। ये कॉलेज मेंटर इंस्टीट्यूट के रूप में अन्य कॉलेजोें के लिए एकेडमिक कलेंडर तैयार करेंगे। टाइम टेबल, क्लीनिकल एवं कम्युनिटी प्रैक्टिस, एसेसमेंट, इंफ्रास्ट्रक्चर आदि की निगरानी रखेंगे। इन कॉलेजों के प्रधानाचार्य से दूसरे कॉलेज संपर्क कर अपने यहां सुविधाओं के  विकास के लिए सुझाव ले सकेंगे। मेंटर इंस्टीट्यूट में गुरु गोरक्षनाथ नर्सिंग कॉलेज गोरखपुर, राजकीय नर्सिंग कॉलेज कानपुर एवं मेरठ और उत्तर प्रदेश यूनिवर्सिटी आफ मेडिकल साइंस शामिल है। निजी क्षेत्र के कॉलेजों में बाबा नर्सिंग कॉलेज लखनऊ, एसीपीएम गोंडा, हिलेरी क्लिंटन नर्सिंग स्कूल सहारनपुर, आईआईएमटी मेरठ, नाइट एंगल जीबी नगर, पन्ना धाय मां सुभारती मेरठ, रुहेलखंड मेडिकल कॉलेज बरेली, शारदा स्कूल ऑफ नर्सिंग जीबी नगर शामिल हैं।
  
मालूम रहे कि प्रदेश में नर्सिंग एवं पैरामेडिकल कोर्स को लेकर इंटर कॉलेजों में जागरुकता अभियान चलाया जा रहा है। दूसरी तरफ, कॉलेजों में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने पर भी जोर है, क्योंकि निजी क्षेत्र के तमाम कॉलेजों की स्थिति कमजोर आंकी गई हैं। कहीं संसाधनों का अभाव है तो कहीं अध्यापकों की कमी है। इसीलिए उत्तर प्रदेश स्टेट मेडिकल फैकल्टी ने सुविधा संपन्न 12 कॉलेजों के साथ एमओयू किया है।

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