क्वीन मेरी अस्पताल में इलाज के लिए अब लंबा इंतजार करने से छुटकारा मिलेगा। नेशनल हेल्थ मिशन की मदद से अस्पताल परिसर में मदर चाइल्ड हेल्थ केयर सेंटर (एमसीएच) विंग की शुरुआत हो गई। इससे अस्पताल में 100 नए बेड बढ़ गए हैं।
वहीं केजीएमयू में दो साल से डिब्बों में बंद वेंटिलेटर भी शुरू हो गए। केजीएमयू प्रशासन ने शताब्दी फेज टू में सुपर स्पेशिएलिटी पल्मोनरी एवं क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग में 14 वेंटिलेटर देने के साथ 6 बेड की हाई डिपेंडेंसी यूनिट शुरू की है।
इन सुविधाओं का उद्घाटन बृहस्पतिवार को चिकित्सा शिक्षा मंत्री आशुतोष टंडन उर्फ गोपाल ने किया। वह केजीएमयू के ब्राउन हॉल में करीब 100 करोड़ रुपये की परियोजनाओं के लोकार्पण व शिलान्यास कार्यक्रम में मौजूद थे।
मंत्री बोले- मरीजों से बेकदरी की रोज आती हैं शिकायतें
उन्होंने कहा कि केजीएमयू में मरीजों संग बेकदरी व इलाज न करने समेत तमाम मामले रोज मीडिया के जरिये सामने आते हैं। हर मामला भले ही सच न हो, मगर कहीं न कहीं गड़बड़ी जरूर है। डॉक्टरों को ऐसा नहीं करना चाहिए। अस्पताल आने वाला हर मरीज कष्ट में होता है। डॉक्टरों के दो अच्छे बोल से मरीज की आधी बीमारी दूर हो जाती है। मरीज डॉक्टर को भगवान का दूसरा रूप मानते हैं। अगर मरीज या तीमारदार डॉक्टर से कुछ बोल भी दें तो संयम रखते हुए उन्हें समझाना चाहिए।