लखनऊ। समाज कल्याण विभाग में नौकरी दिलाने के नाम पर दो लोगों ने सीतापुर के महोली बड़ागांव निवासी तौफीक अहमद से 10 लाख रुपये ठग लिए। आरोपियों ने रुपये लेने के बाद फर्जी नियुक्ति पत्र थमा दिया। इसकी जानकारी होने पर तौफीक ने रुपये वापस मांगे तो आरोपियों ने झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। तौफीक ने इस संबंध में नौ जनवरी को हजरतगंज थाने में एफआईआर दर्ज कराई है।
इंस्पेक्टर विक्रम सिंह के मुताबिक, तौफीक की मुलाकात वर्ष 2023 में विकासनगर टेढ़ी पुलिया निवासी अर्जुन कुमार और सुशांत गोल्फ सिटी निवासी रविकांत शुक्ला से हुई थी। दोनों ने सरकारी पहुंच का हवाला देकर नौकरी का झांसा दिया। तौफीक ने अर्जुन के बैंक खाते में 10 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। फर्जीवाड़े का पता चलने पर तौफीक ने अपने रुपये वापस मांगे तो आरोपी उन्हें टरकाने लगे। बाद में अर्जुन ने रुपये वापसी के बहाने तौफीक से तीन कोरे चेक ले लिए और एक पर छह लाख रुपये भरकर बाउंस करा दिया। उसने तौफीक को चेक बाउंस के मामले में फंसाने की धमकी दी।
इंस्पेक्टर का कहना है कि आरोपियों की तलाश की जा रही है। छानबीन में पता चला है कि आरोपी अर्जुन मूल रूप से गाजीपुर के नेवादा का रहने वाला है।