यह हमारा सौभाग्य है कि हम सब भगवान कृष्ण के वंशज हैं
एमपी के सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि भगवान कृष्ण ने सत्ता पर विराजमान कंस का वध किया इसके बावजूद वह सत्ता पर नहीं बैठे। भगवान कृष्ण ने पूरी शिक्षा का सार गीता के माध्यम से दिया। यह हमारा सौभाग्य है कि हम सब भगवान कृष्ण के वंशज हैं। भगवान कृष्ण ने अपने जीवन को धर्म को समर्पित कर दिया।
सीनियर लीडर के सम्मान में खड़े रहे सीएम
एमपी के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव एसके मेमोरियल हॉल पहुंच चुके हैं। श्री कृष्ण चेतना मंच कर से उनका स्वागत किया गया। खास बात क्या है की मंच पर भाजपा की ओर से केवल एमपी के सीएम डॉ मोहन यादव बैठे हैं। वहीं बिहार भाजपा के वरीय नेता दर्शक दीर्घा में बैठे हुए हैं।
भाजपा कार्यकर्ताओं ने किया स्वागत
एमपी के सीएम डॉ. मोहन यादव पटना एयरपोर्ट पहुंच चुके हैं। उनके पहुंचते ही भाजपा समर्थक नारेबाजी करने लगे। फूलों की माला लेकर खड़े भाजपा कार्याकर्ताओं ने डॉ. मोहन यादव का स्वागत किया।
यादव जाति किसी की बपौती नहीं है
पटना एयरपोर्ट पर एमपी के सीएम डाॅ. मोहन यादव के स्वागत में पटना एयरपोर्ट पर भीड़ उमड़ गई। इस मौके पर भाजपा के वरीय नेता नंद किशोर यादव ने कहा कि डॉ. मोहन यादव के आगमन से बिहार के यादवों में उत्साह का संचार हुआ है। भाजपा कार्यकर्ताओं में भी काफी उत्साह है। नंद किशोर यादव ने कहा कि यादव जाति किसी की बपौती नहीं है। यानी किसी खास का अधिकार नहीं है।
14.26 फीसदी यादव आबादी को साधेगी भाजपा
मध्य प्रदेश में जैसे ही भारतीय जनता पार्टी ने डॉ. मोहन यादव का नाम सीएम के रूप में लाया, खलबली बिहार में मची। राजद के नेता खुद भी आगे आकर कहने लगे कि लालू प्रसाद यादवों के इकलौते नेता हैं। मतलब, कहीं न कहीं परेशानी है। अब राजद की यह परेशानी पटना आ रही है। डॉ. मोहन यादव गुरुवार दोपहर पटना पहुंचेंगे। पहले यादव सम्मान लेने के लिए आने की बात थी, लेकिन अब भाजपा दफ्तर से लेकर श्रीकृष्ण की पूजा तक का कार्यक्रम है। और, सभी की जिम्मेदारी संभालने से लेकर दिखने वाले स्थानीय नेता यादव हैं। मतलब, भाजपा ने लोकसभा चुनाव के हिसाब से यादवों को साधने की तैयारी के लिए ही डॉ. मोहन यादव को यहां लाने का कार्यक्रम रखा है।
भाजपा के वरीय नेताओं की ओर से श्रीकृष्ण चेतना मंच के बैनर तले एसके मेमोरियल हॉल में एक बड़े कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम के बाद डॉ. मोहन यादव भाजपा कार्यालय और इस्कॉन मंदिर भी जाएंगे। जातीय जनगणना की रिपोर्ट के अनुसार बिहार में 14.26% आबादी यादवों की है। अब जब चुनाव सामने है तो निश्चित तौर पर सबसे बड़ी आबादी का साथ भाजपा के बिहार में विकास के लिए जरूरी है। मोहन यादव के सीएम बनने पर राजद ने उन्हें लालू के सामने कुछ भी नहीं माना था, लेकिन अब उनके पटना आने की बात से लाल के माई समीकरण की चर्चा चरम पर है। भाजपा की नजर लालू प्रसाद के वोट बैंक पर है।