दमा का आपके जन्म से क्या संबंध क्या संबंध है, इसके बारे में हाल में हुए एक शोध में नई जानकारी मिली है। शोध की मानें तो समय से पहले जन्म लेने वाले बच्चे यानी प्रीमैच्योर बच्चे को दमा का खतरा अधिक होता है।
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ब्रिटेन की ईडनबर्ग यूनिवर्सिटी और नीदरलैंड के मैस्ट्रिच यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने अपने अध्ययन के आधार पर यह दावा किया है।
शोध के दौरान 15 लाख शिशुओं पर किए गए 30 अलग-अलग अध्ययनों के आधार पर यह निष्कर्ष निकाला है जिसमें उन्होंने छह महीने से लेकर 18 साल तक के प्रतिभागियों का परीक्षण किया है।
शोधकर्ताओं का मानना है कि प्रीमैच्योर बच्चों को दमा की आशंका सामान्य बच्चों की अपेक्षा 46 प्रतिशत अधिक होती है। साथ ही सांस से जुड़े रोगों की आशंका तीन गुना अधिक होती है।
यह शोध पीएलओएस जर्नल में प्रकाशित हुआ है।