हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए खुशखबरी है। हाल में वैज्ञानिकों ने एक शोध के दौरान आंखों की जांच से स्ट्रोक का पता लगाया है। शोधकर्ताओं ने करीब 3000 ब्लड प्रेशर के मरीजों पर किए गए अपने अध्ययन में यह सफलता पाई है।
नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ सिंगापुर के शोधकर्ताओं ने रेटिना के परीक्षण के आधार पर यह उपलब्धि हासिल की है। शोध के दौरान रेटिना की तस्वीरों का अध्ययन किया गया और रेटिनल ब्लड सेल में होने वाले नुकसान को जांचा गया।
शोधकर्ताओं का मानना है कि हाइपरटेंसिल रेटिनोपैथी की समस्या वाले लोगों को स्ट्रोक का खतरा 35 प्रतिशत तक होता है। उनका मानना है कि आंखों की समस्याओं व इसके अध्ययन के आधार पर स्ट्रोक की आशंका का पता चल सकता है।
गौरतलब है कि अब तक यह अंदाजा लगाना मुश्किल रहा है कि हाइ बीपी के किस मरीज को स्ट्रोक का खतरा हो सकता है। ऐसे में इस शोध के जरिए समय से पहले ही इसकी पहचान हो सकती है।
शोधकर्ता मोहम्मद कामरान इकरम के अनुसार, ''रेटिना दिमाग की रक्त कोशिकाओं को सूचना प्रदान करने का काम भी करती है। इसमें होने वाले नुकसान की जानकारी करके स्ट्रोक का पता पहले ही लगाया जा सकता है।'' यह शोध अमेरिकी एसोसिएशन के जर्नल 'हाइपरटेंशन' में प्रकाशित हुआ है।