क्या आप रोज कंघे में फंसे बाल देखकर तनाव में आ जाते हैं या फिर इन दिनों तेजी से बाल झड़ने से कुछ ज्यादा ही परेशान हैं? बाल झड़ना एक ऐसी समस्या है जो कब आम से खास हो जाती है हम समझ ही नहीं पाते हैं। कई बार बाल झड़ने की वजहें अनुवांशिक से लेकर मौसम से संबंधित हो सकती हैं लेकिन कई बार इनके पीछे कोई गंभीर रोग भी हो सकता है।
आइए जानें कुछ ऐसी ही सेहत संबंधित समस्याओं के बारे में जो बाल झड़ने की बड़ी वजह हो सकती हैं।
थायरॉइड
थॉयरॉइड बढ़ने का बड़ा इशारा है बालों का झड़ना। थायरॉइड ग्लैंड के अधिक सक्रिय होने या कम सक्रिय होने का संबंध बालों के झड़ने से है पर तसल्ली की बात यह है कि थायरॉइड के उपचार के साथ-साथ यह समस्या अपनेआप कम हो जाती है।
टायफाइड और वायरल संक्रमण
बहुत लंबे समय तक तेज बुखार, टायफाइड या वायरल संक्रमण के कारण भी बाल अधिक झड़ते हैं। यह कोई स्थायी समस्या नहीं है और इन रोगों के उपचार के साथ-साथ इसे ठीक किया जा सकता है।
एनेस्थिसिया और सर्जरी
कई बार बड़ी सर्जरी के कई महीनों बाद तक भी बालों का झड़ना कम नहीं होता है। इसकी वजह सर्जरी और एनेस्थिसिया का प्रभाव और रिकवरी में देरी हो सकता है।
दवाएं
कुछ विशेष प्रकार की दवाएं, जैसे रक्त पतला करने के उपचार के दौरान ली जाने वाली दवाएं, विटामिन ए सप्लीमेंट, गठिया, दिल के रोगों से जुड़ी दवाएं, बीपी की गोलियां, कंट्रासेप्टिव दवाएं या नींद की दवाओं के सेवन से भी बालों का झड़ना बढ़ जाता है।
गर्भावस्था
गर्भावस्था के दौरान महिलाओं के शरीर में एस्ट्रोजन नामक हार्मोन का संतुलन बिगड़ जाता है जिसकी वजह से भी बाल तेजी से झड़ते हैं। गर्भावस्था के दौरान खानपान पर ध्यान देने से इसे कुछ हद तक कम किया जा सकता है।
तनाव
बहुत अधिक तनाव भरी जीवनशैली भी बाल झड़ने की एक बड़ी वजह हो सकती है। हालांकि यह स्थिति अस्थायी है और जीवनशैली पर ध्यान देकर आप बालों का झड़ना कम कर सकते हैं।
फंगल संक्रमण
कई बार सिर की त्वचा पर फंगल संक्रमण की वजह से भी बाल गिरने लगते हैं। इसके बचाव के लिए उपचार के साथ-साथ हाइजीन पर ध्यान देना बहुत जरूरी है।