एंडोमेट्रिओसिस
लगभग 10 फीसदी महिलाएं इस परेशानी से गुजरती हैं। इनमें से एक-तिहाई महिलाओं को प्रेग्नेंट होने में परेशानी होती है। डॉक्टर्स कहते हैं कि इसकी पहचान होने से पहले महिला करीब 7 से 11 साल तक बेहद दर्दनाक पीरियड्स झेलती है। एंडोमेट्रिओसिस के दौरान, गर्भाशय की अंदरूनी लाइनिंग गर्भाशय के बाहर तक बढ़ जाती है। हर पीरियड्स के दौरान ये बढ़ता जाता है और काफी ब्लीडिंग भी होती है। अधिक ब्लीडिंग की वजह से आपके पेल्विक एरिया में काफी नुकसान होता है। इससे बांझपन का भी खतरा होता है।