प्रारंभिक वेतनमान और पे स्केल
राज्य सरकार द्वारा ग्राम विकास अधिकारी (VDO) पद के लिए सातवें वेतन आयोग के अनुरूप पे मैट्रिक्स लेवल-6 में वेतन निर्धारित किया गया है। इस स्तर पर वेतन 35,400 रुपये से शुरू होकर 1,12,400 रुपये तक जाता है। हालांकि, चयनित अभ्यर्थियों को शुरुआत में सीधे इस वेतनमान का लाभ नहीं मिलता, बल्कि उन्हें परिवीक्षा अवधि पूरी करने के बाद ही इसका लाभ मिल पाता है।
फिक्स सैलरी का प्रावधान
नियमानुसार, सभी चयनित उम्मीदवारों को दो वर्ष की परिवीक्षा अवधि (Probation Period) के अंतर्गत नियुक्त किया जाता है। इस अवधि में वेतन श्रृंखला के स्थान पर केवल राज्य सरकार द्वारा निर्धारित नियत पारिश्रमिक (Fixed Remuneration) प्रदान किया जाता है। यह राशि आमतौर पर 18,000 रुपये से 23,700 रुपये के बीच होती है। इस दौरान उन्हें किसी भी प्रकार का अतिरिक्त भत्ता (DA, HRA, आदि) नहीं दिया जाता।
चयन प्रक्रिया के बाद नियुक्ति प्रक्रिया
चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद, चयनित अभ्यर्थियों की सूची राजस्थान ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग को भेजी जाती है। वहां से जिलेवार मेरिट लिस्ट तैयार कर प्रोबेशनर ट्रेनी के रूप में अभ्यर्थियों को नियुक्त किया जाता है। यह प्रक्रिया विभागीय स्तर पर तय दिशा-निर्देशों के अनुसार संचालित होती है।
स्थायी नियुक्ति की शर्तें और मिलने वाले लाभ
परिवीक्षा अवधि के दौरान प्रशिक्षण, मूल्यांकन और परीक्षा पास करना जरूरी होता है। सफलतापूर्वक स्थायी नियुक्ति मिलने पर अभ्यर्थी को वेतनमान, DA, HRA, चिकित्सा सुविधा, और अन्य सरकारी भत्तों का लाभ मिलता है। इसके अलावा, प्रमोशन और वार्षिक वेतन वृद्धि भी निर्धारित नियमों के अनुसार दी जाती है।