झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता
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पश्चिम बंगाल में कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज-अस्पताल में एक प्रशिक्षु महिला डॉक्टर से दुष्कर्म और हत्या के मामले में देशभर के डॉक्टरों ने जमकर बवाल किया। देशभर के डॉक्टर सड़कों पर उतरकर न्याय की मांग कर रहे हैं। इस बीच झारखंड में राजेंद्र इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेस (रिम्स) के जूनियर डॉक्टर काम पर वापस लौट गए। दरअसल, गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट ने डॉक्टरों की सुरक्षा का आश्वासन देते हुए उनसे हड़ताल वापस लेने की अपील की थी। अदालत ने कहा कि न्याय और चिकित्सा को रोका नहीं जा सकता है। इसके साथ ही डॉक्टरों को आश्वासन दिया गया कि उनके खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं की जाएगी। झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने भी प्रदर्शन कर रहे डॉक्टरों से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर संसद में जल्द ही मेडिकल प्रोटेक्शन बिल पेश किया जाएगा।
रिम्स के एक अधिकारी ने कहा, "आज से डॉक्टर अपनी ड्यूटी पर लौट चुके हैं। सुप्रीम कोर्ट की अपील और राज्य के स्वास्थ्य मंत्रालय से मुलाकात के बाद उन्होंने अपना हड़ताल वापस ले लिया।" बता दें कि जूनियर डॉक्टर 13 अगस्त से हड़ताल पर थे। इस दौरान डॉक्टरों ने आरोपी को सजा मिलने तक अपने कंधे पर काला रिबन पहनकर काम करने का फैसला किया था।
स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने कहा कि झारखंड सरकार डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर चिंतित है। उन्होंने आगे कहा, "डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर राज्य में जल्द ही मेडिकल प्रोटेक्शन बिल लाया जाएगा। मैंने सुना कि जूनियर डॉक्टरों ने हड़ताल वापस ले लिया है और अपने काम पर वापस लौटने का फैसला किया। झारखंड सरकार की तरफ से मैं आपको आश्वासन देता हूं कि सरकार मेडिकल पेशेवरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास करेगी।" उन्होंने बताया कि वह इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के अधिकारियों के संपर्क में हैं।
क्या है मामला?
कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज-अस्पताल में जूनियर डॉक्टर के साथ दरिंदगी की घटना गुरुवार-शुक्रवार की दरमियानी रात की है। मृतक मेडिकल कॉलेज में चेस्ट मेडिसिन विभाग की स्नातकोत्तर द्वितीय वर्ष की छात्रा और प्रशिक्षु डॉक्टर थीं। गुरुवार को अपनी ड्यूटी पूरी करने के बाद रात के 12 बजे उसने अपने दोस्तों के साथ डिनर किया। इसके बाद से महिला डॉक्टर का कोई पता नहीं चला। शुक्रवार सुबह उस वक्त मेडिकल कॉलेज में हड़कंप मच गया जब चौथी मंजिल के सेमिनार हॉल से अर्ध नग्न अवस्था में डॉक्टर का शव बरामद हुआ। घटनास्थल से मृतक का मोबाइल फोन और लैपटॉप बरामद किया गया। पोस्टमॉर्टम की शुरुआती रिपोर्ट से पता चला है कि महिला डॉक्टर के साथ दुष्कर्म की घटना हुई थी। जूनियर महिला डॉक्टर का शव गद्दे पर पड़ा हुआ था और गद्दे पर खून के धब्बे मिले। शुरुआती पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया है कि मृतक महिला डॉक्टर के मुंह और दोनों आंखों पर था। गुप्तांगों पर खून के निशान और चेहरे पर नाखून के निशान पाए गए। होठ, गर्दन, पेट, बाएं टखने और दाहिने हाथ की उंगली पर चोट के निशान थे।