झारखंड सरकार ने महिलाओं के लिए पेंशन पाने की उम्र 60 साल से घटाकर 50 साल करने का फैसला किया है। बताया गया है कि इससे जुड़ा एक प्रस्ताव अंतिम दौर की चर्चा में है। इस प्रस्ताव के तहत अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति की महिलाओं के लिए पेंशन पाने की उम्र को 50 साल की जा सकती है।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने 29 दिसंबर को ही एलान किया था कि राज्य की दलित और आदिवासी महिलाओं को 50 साल की उम्र में पहुंचते ही पेंशन लाभ मिलने शुरू हो जाएंगे। बताया गया है कि अगली कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लग सकती है। इसके लागू होने के बाद झारखंड में पेंशन योजना में 18 लाख लाभार्थियों के नाम और जुड़ जाएंगे।
अधिकारियों के मुताबिक, मौजूदा समय में झारखंड में 35.68 लाख लोग पेंशन का लाभ उठा रहे हैं। पिछले चार वर्षों में पेंशन पाने वालों की संख्या में 82 फीसदी का इजाफा हुआ है।