फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

झारखंड: जंगी एप से लेवी वसूलने वाला पीएलएफआई उग्रवादी हथियार के साथ गिरफ्तार, मोबाइल में मिला बड़ा सुराग

Sat, 19 Sep 2026 06:41 PM IST
हिमांशु सिंह चंदेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची

सार

खूंटी में पुलिस ने प्रतिबंधित पीएलएफआई से जुड़े एक उग्रवादी को अवैध हथियार के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से देसी रिवाल्वर, दो कारतूस, मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन बरामद हुआ। पुलिस के मुताबिक मोबाइल में जंगी एप भी मिला, जिसका इस्तेमाल लेवी और रंगदारी मांगने के लिए किया जाता था। पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी को पकड़ा। आखिर जंगी एप के जरिए कैसे वसूली की जा रही थी और पुलिस को क्या सुराग मिला?
विज्ञापन
पुलिस को उग्रवादी के बारे में सूचना कैसे मिली? - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

खूंटी जिले में पुलिस ने लेवी वसूलने के आरोप में प्रतिबंधित पीएलएफआई से जुड़े एक उग्रवादी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान जरियागढ़ थाना क्षेत्र के निधिया गांव निवासी बजेंद्र महतो के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके पास से एक देसी रिवाल्वर, दो कारतूस, मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन बरामद किया है। तलाशी के दौरान मोबाइल में जंगी एप भी मिला है। पुलिस के मुताबिक इस एप का इस्तेमाल लोगों को डराकर लेवी और रंगदारी मांगने के लिए किया जाता था।

विज्ञापन


पुलिस को उग्रवादी के बारे में सूचना कैसे मिली?
पुलिस अधीक्षक ऋषभ गर्ग के मुताबिक, रनिया क्षेत्र में एक पीएलएफआई उग्रवादी के अवैध हथियार के साथ घूमने और लोगों से लेवी वसूलने की गुप्त सूचना मिली थी। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने विशेष जांच दल यानी एसआईटी का गठन किया। इसके बाद टीम ने कोंटागेर से गरई की ओर जाने वाले रास्ते पर घेराबंदी कर सघन छापेमारी शुरू की। इसी दौरान संदिग्ध स्थिति में घूम रहे बजेंद्र महतो को पुलिस ने पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उसके पास से हथियार और अन्य सामान बरामद किए गए।

आरोपी के पास से क्या-क्या बरामद हुआ?
पुलिस ने आरोपी के पास से एक देसी रिवाल्वर और दो कारतूस बरामद किए हैं। इसके अलावा एक मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन भी पुलिस के हाथ लगा है। पुलिस ने जब मोबाइल फोन की जांच की तो उसमें जंगी एप इंस्टॉल मिला। पुलिस के अनुसार यह एप लेवी वसूलने से जुड़ा अहम सुराग है। जांच के दौरान मोबाइल में एप की मौजूदगी ने पुलिस को आरोपी की कथित गतिविधियों को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी दी है।
विज्ञापन


जंगी एप का इस्तेमाल किस तरह किया जाता था?
पुलिस के अनुसार प्रतिबंधित पीएलएफआई के सदस्य पहले भी आम लोगों से लेवी और रंगदारी मांगने के लिए जंगी एप का इस्तेमाल करते रहे हैं। इस एप के जरिए क्षेत्र के व्यापारियों, संवेदकों और आम लोगों को डराया-धमकाया जाता था और उनसे लेवी की मांग की जाती थी। पुलिस ने बरामद मोबाइल में एप मिलने को इसी तरह की गतिविधियों से जोड़कर देखा है। मामले में पुलिस अब आरोपी से पूछताछ और बरामद सामान के आधार पर आगे की जानकारी जुटा रही है।

पुलिस ने उग्रवादियों को लेकर क्या चेतावनी दी?
पुलिस अधीक्षक ऋषभ गर्ग ने कहा कि जिले में किसी भी व्यापारी, संवेदक या आम नागरिक से लेवी मांगने वाले उग्रवादियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि पूरे खूंटी जिले में उग्रवादी गतिविधियों पर पुलिस लगातार नजर रख रही है। बजेंद्र महतो की गिरफ्तारी को इसी अभियान का हिस्सा माना जा रहा है। हथियार, कारतूस और मोबाइल में मिले जंगी एप के आधार पर पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें