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Jharkhand: पढ़ेंगी लड़कियां, सरकार का 9 लाख किशोरियों की शिक्षा को सुगम बनाने का लक्ष्य

Wed, 04 Jan 2023 01:33 AM IST
वीरेंद्र शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची

सार

 सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना किशोरियों की शिक्षा की सुविधा के लिए राज्य सरकार का एक प्रयास है। यह महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक कदम है। 
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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झारखंड सरकार ने मंगलवार को कहा कि उसका लक्ष्य सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना (एसपीकेएसवाई) के तहत राज्य में नौ लाख किशोरियों की शिक्षा को सुगम बनाना है। कल्याणकारी कार्यक्रम की शुरुआत मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पिछले साल अक्टूबर में गिरिडीह से 'आपकी योजना आपकी सरकार आपके द्वार' अभियान के साथ की थी, जो विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ ग्रामीणों के घर तक पहुंचाने की पहल है। 
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सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना शिक्षा की सुविधा के लिए राज्य सरकार का एक प्रयास 
सरकार ने एक बयान में कहा कि सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना किशोरियों की शिक्षा की सुविधा के लिए राज्य सरकार का एक प्रयास है। यह महिला सशक्तिकरण के अलावा लैंगिक न्याय की दिशा में एक कदम है। राज्य की नौ लाख किशोरियां इस योजना से आच्छादित होंगी। एक माह तक चली आपकी आपकी योजना अभियान के तहत तीन लाख किशोरियों को जोड़ा गया। मुख्यमंत्री ने सरकार के तीन वर्ष पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रम में 5.52 लाख से अधिक किशोरियों के खातों में कुल 219 करोड़ रुपये की राशि ट्रांसफर की। सरकार ने कहा कि योजना का उद्देश्य न केवल किशोरियों को शिक्षा के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करना है, बल्कि यह भी सुनिश्चित करना है कि लड़कियां स्कूल न छोड़ें और बाल विवाह को रोका जाए।

छात्रवृत्ति योजनाओं का नेता और खिलाड़ी के नाम से की शुरू
झारखंड सरकार ने प्रतिष्ठित नेता और भारतीय हॉकी टीम के पहले कप्तान मारंग गोमके जयपाल सिंह मुंडा और हमारे देश की पहली शिक्षिका सावित्रीबाई फुले के नाम पर अपनी दो छात्रवृत्ति योजनाओं का नामकरण करके सम्मान का प्रदर्शन किया है।मरंग गोमके जयपाल सिंह मुंडा विदेशी छात्रवृत्ति योजना अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अल्पसंख्यक और पिछड़े वर्ग के युवाओं के लिए विदेशों में उच्च शिक्षा के लिए है। हाल ही में राज्य सरकार ने ब्रिटिश उच्चायोग के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर कर विदेशी छात्रवृत्ति के दायरे का विस्तार किया।
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