बयान में कहा गया है कि मार्च 2023 तक 25.50 लाख किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड योजना के साथ जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। ऋण वितरण कार्यक्रम के तहत प्रक्रिया को तेज करने पर जोर दिया जा रहा है। 15 सितंबर 2022 तक किसान क्रेडिट कार्ड धारकों की संख्या 19.18 लाख थी।
झारखंड की झामुमो सरकार ने ऋण वितरण कार्यक्रम के तहत मार्च 2023 तक कुल 25.50 लाख किसानों को कवर करने का लक्ष्य रखा है। इसके तहत सरकार अब तक 19.50 लाख से ज्यादा किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) को मंजूरी दे चुकी है।
Trending Videos
विज्ञापन
झामुमो सरकार आने के बाद स्वीकृत किए गए 900 करोड़ के ऋण
2 of 5
किसान क्रेडिट योजना
- फोटो : istock
सरकार की ओर से जारी बयान में कहा है कि दिसंबर 2019 में झामुमो की सरकार आने के बाद से किसान क्रेडिट कार्ड योजना के तहत 900 करोड़ रुपये से अधिक के ऋण स्वीकृत किए गए थे। इसके साथ ही राज्य सरकार की ओर से यह भी दावा किया गया है कि 15 नवंबर 2000 को झारखंड के गठन के बाद से 2019 के अंत तक केवल 409 करोड़ रुपये ऋण वितरण कार्यक्रम के तहत वितरित किए गए थे।
विज्ञापन
5 सितंबर 2022 तक 19.18 लाख थी केसीसी धारकों की संख्या
3 of 5
Loan
- फोटो : Istock
बयान में कहा गया है कि मार्च 2023 तक 25.50 लाख किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड योजना के साथ जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। ऋण वितरण कार्यक्रम के तहत प्रक्रिया को तेज करने पर जोर दिया जा रहा है। 15 सितंबर 2022 तक किसान क्रेडिट कार्ड धारकों की संख्या 19.18 लाख थी।
4 of 5
money new
- फोटो : istock
इसमें कहा गया है कि किसान क्रेडिट कार्ड किसानों को सात फीसदी के ब्याज दर पर ऋण उपलब्ध कराता है, जिसमें से तीन प्रतिशत ब्याज सबवेंशन (किसानों को रियायती ब्याज दर पर अल्पकालिक ऋण) उन लोगों को प्रदान किया जाता है जो अपने ऋण का अग्रिम भुगतान करते हैं।
अगर समय पर चुकाया गया ऋण तो पड़ेगा सिर्फ एक फीसदी का बोझ
5 of 5
gold loan new
- फोटो : istock
बयान में आगे कहा गया है कि झारखंड के किसानों की आर्थिक स्थिति को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार उन्हें तीन फीसदी ब्याज सबवेंशन के साथ मदद कर रही है। इस तरह यदि ऋण निर्धारित समय सीमा के भीतर चुकाया जाता है तो केवल एक प्रतिशत का बोझ उठाना पड़ता है।