सीएम हेमंत सोरेन का संबोधन
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बजट सत्र के बीच नियुक्ति पत्र वितरण समारोह
झारखंड विधानसभा में बजट सत्र जारी है। पिछले दिनों राज्य सरकार के ओर से एक लाख 45 हज़ार 400 करोड़ का बजट पेश किया गया। इसी कड़ी में राज्य के मुख्यमंत्री द्वारा प्रशिक्षण पदाधिकारियों को नियुक्ति पत्र सौंपा गया। कहीं न कहीं सरकार द्वारा संदेश देने का प्रयास किया जा रहा कि हेमंत सरकार युवाओं को नौकरी देने में विश्वास करती है।
प्रशिक्षण में नई-नई तकनीकों के इस्तेमाल पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज तेजी से तकनीकें बदल रही हैं। औद्योगिक जगत में अत्याधुनिक मशीनों का इस्तेमाल हो रहा है। मजदूरों के कार्य भी मशीनों के जरिए हो रहे हैं। ऐसे में अगर समय के अनुरूप आप अपने हुनर को नहीं निखारेंगे तो जमाने से काफी पीछे रह जाएंगे। रोजगार प्राप्त करना आपके लिए बड़ी चुनौती बन जाएगी। हमारा प्रयास है कि नई-नई तकनीको के माध्यम से आपको प्रशिक्षण मिले, ताकि रोजगार के रास्ते आपके लिए हमेशा खुले रहें।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) को आईटीआई पाठ्यक्रम में शामिल किया जाए
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस हमारे जीवन का अहम हिस्सा बनता जा रहा है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के जरिए तकनीक काफी आगे बढ़ चुका है। आज कृषि हो या उद्योग अथवा कोई और क्षेत्र हर जगह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल तेज होता जा रहा है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से अब आप अपने को अलग नहीं रख सकते हैं। ऐसे में हमारे नौजवान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में आगे बढ़ें, इसके लिए आईटीआई संस्थानों के पाठ्यक्रम में इसे शामिल करने की जरूरत है। उन्होंने इलेक्ट्रिक वाहनों की मरम्मत का प्रशिक्षण देने के लिए भी कोर्स संचालित करने पर जोर दिया।
प्रखंड स्तर पर कौशल विकास के प्रशिक्षण की है व्यवस्था
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं के कौशल विकास के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं को अब प्रखंड स्तर पर ही कौशल विकास का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। उन्हें प्रशिक्षण प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहन राशि भी दी जा रही है। मेरा नौजवानों से आग्रह है कि वे कौशल विकास प्रशिक्षण केंद्र में आएं और अपने को दक्ष बनाएं। आपकी दक्षता आपके करियर को नई दिशा देगी।
युवाओं को एंटरप्रेन्योर एवं स्टार्टअप शुरू करने के लिए तैयार करें
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में हम एक ऐसी व्यवस्था बनाने का प्रयास कर रहे हैं, जहां युवाओं को कौशल विकास का प्रशिक्षण देकर न सिर्फ उन्हें रोजगार से जोड़ने का कार्य कर रहे हैं बल्कि उनके हुनर को इस तरह से निखारने का प्रयास हो रहा है कि वे एक एंटरप्रेन्योर के रूप में आगे आकर अपना स्टार्टअप स्थापित कर सकें। इससे न सिर्फ वे रोजगार प्राप्त करेंगे, बल्कि अन्य लोगों को भी रोजगार से जोड़ने में सफल होंगे।
कौशल विकास के साथ रोजगार उपलब्ध करा रही है सरकार
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार युवाओं का कौशल विकास के साथ उनके रोजगार के लिए भी कार्य कर रही है। कैंपस प्लेसमेंट और रोजगार मेला तथा कई अन्य माध्यमों से पिछले वर्ष 50 हज़ार से अधिक युवाओं को देश-विदेश के संस्थानों में सम्मानजनक रोजगार उपलब्ध कराया गया। मुख्यमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि किसी एक व्यक्ति के बलबूते राज्य आगे नहीं बढ़ सकता है। सभी की भागीदारी से झारखंड जैसे राज्य का सर्वांगीण विकास संभव है। इस अवसर पर श्रम मंत्री संजय प्रसाद यादव, मुख्य सचिव अलका तिवारी, मुख्यमंत्री के अपर मुख्य सचिव अविनाश कुमार, श्रम विभाग के सचिव जितेंद्र कुमार सिंह, श्रमायुक्त संजीव कुमार बेसरा और कई अन्य अधिकारी मौजूद रहे।