मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में बुधवार चार जून 2025 को राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक आयोजित हुई। इस बैठक में झारखंड के शहरी नियोजन, सड़क विकास, जलापूर्ति, स्वास्थ्य, शिक्षा और खनन क्षेत्र से जुड़े कुल 13 अहम प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई। सरकार ने जहां झारखंड में गिग वर्कर्स के लिए कल्याण विधेयक को हरी झंडी दी, वहीं आधार केंद्रों की स्थापना के लिए भी अहम नीतिगत फैसले लिए गए।
शहरी संवेदकों के लिए नई नियमावली को मिली मंजूरी
कैबिनेट ने 'झारखंड नगरपालिका संवेदक निबंधन (संशोधन) नियमावली, 2025' के गठन को स्वीकृति प्रदान की। इस नियमावली के तहत अब शहरी क्षेत्रों में कार्यरत संवेदकों का निबंधन और नियमन और अधिक पारदर्शी और संगठित ढंग से होगा, जिससे शहरी विकास परियोजनाओं में गति आएगी।
पाकुड़ में सड़क चौड़ीकरण के लिए 40 करोड़ की प्रशासनिक स्वीकृति
पाकुड़ जिले में पाकुड़-बरहरवा मुख्य पथ से पाली गगन पहाड़ी पश्चिम बंगाल सीमा तक कुल 6.630 किलोमीटर सड़क के चौड़ीकरण, मजबूतीकरण और पुनर्निर्माण कार्य के लिए 40.39 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई। इस परियोजना में भूमि अधिग्रहण, बिजली और जल आपूर्ति लाइन के स्थानांतरण, पुनर्वास और वृक्षारोपण भी शामिल है।
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जलदर अधिसूचना में संशोधन को मिली मंजूरी
राज्य में एक अप्रैल 2011 से लागू जलदर अधिसूचना में पूर्व प्रभाव से संशोधन की स्वीकृति दी गई है। यह संशोधन पानी के उपयोग और कर निर्धारण से जुड़े प्रावधानों को और अधिक व्यावहारिक और प्रभावी बनाएगा।
खनन क्षेत्र में पदेन नियुक्तियों और शक्तियों के प्रत्यायोजन की स्वीकृति
झारखंड राज्य खनिज विकास निगम लिमिटेड में सचिव, खान एवं भूतत्व विभाग को पदेन अध्यक्ष तथा निदेशक, खान को पदेन प्रबंध निदेशक के रूप में नामित करने की स्वीकृति दी गई। साथ ही खनन अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत प्रदत्त शक्तियों के प्रयोग हेतु पूर्व आदेशों को भी घटनोत्तर स्वीकृति दी गई।
गढ़वा में जलापूर्ति योजना के लिए 59.71 करोड़ की मंजूरी
गढ़वा नगर परिषद क्षेत्र में शहरी जलापूर्ति योजना के सुदृढ़ीकरण और पुनर्गठन के लिए 59.71 करोड़ रुपये के पुनरीक्षित प्राक्कलन पर प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई। यह योजना शहरी क्षेत्रों में पेयजल संकट को दूर करने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है।
सूचना एवं जनसंपर्क विभाग में पदों का पुनर्गठन
कैबिनेट ने सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के स्वीकृत पदों के पुनर्गठन को मंजूरी दी। इस फैसले से विभाग की कार्यकुशलता और दक्षता में वृद्धि होगी। वहीं, राज्य की जेलों में चिकित्सकीय सुविधाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से डॉक्टरों के पदों के हस्तांतरण को स्वीकृति दी गई। इससे कैदियों को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी।
सरकारी परिसरों में आधार केंद्र स्थापित करने का रास्ता साफ
झारखंड वित्त नियमावली के प्रावधानों में ढील देते हुए पंचायत भवन, वार्ड कार्यालयों और शहरी निकाय परिसरों में आधार पंजीकरण केंद्र (PEC) स्थापित करने के लिए CSC-SPV और राज्य सरकार के बीच एकरारनामा करने की अनुमति दी गई है।
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गिग वर्कर्स के लिए कल्याण विधेयक को मिली मंजूरी
राज्य सरकार ने 'The Jharkhand Platform Based Gig Workers (Registration and Welfare) विधेयक, 2025' को अधिनियमित करने की स्वीकृति प्रदान की। इस विधेयक से झारखंड में ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर काम करने वाले हजारों श्रमिकों को सुरक्षा और सामाजिक लाभ मिल सकेंगे।
इंजीनियरिंग कॉलेजों के लिए शिक्षकों की नियुक्ति
नवनिर्मित राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय, बोकारो और गोड्डा में AICTE के मानकों के अनुरूप शिक्षकों एवं शिक्षकेत्तर कर्मचारियों के पद सृजन को मंजूरी दी गई। इससे इन संस्थानों में गुणवत्तापूर्ण तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा।
राजकीय कन्या विद्यालयों की शिक्षिकाओं को सेवा में पुनर्स्थापन
सीबीआई जांच में अनियमित पाए जाने के बावजूद अदालतों के आदेश के आलोक में राजकीय कन्या मध्य विद्यालयों की अवैध/अनियमित शिक्षिकाओं को पुनः सेवा में बहाल कर अनुमान्य लाभ और पेंशन स्वीकृत करने का फैसला लिया गया है।