जम्मू-कश्मीर में पिछले साल बाढ़ से हुई तबाही के बाद बुनियादी ढांचे के पुनर्निर्माण के लिए विश्व बैंक ने झेलम और तवी बाढ़ रिकवरी प्रोजेक्ट के लिए 25 करोड़ डॉलर ऋण को मंजूरी दे दी। विश्व बैंक ने कहा है कि वह भविष्य में प्राकृतिक आपदा से निपटने और बेहतर प्रबंधन की क्षमता बढ़ाने में राज्य सरकार की मदद करेगा।
इस प्रोजेक्ट के लिए विश्व बैंक के कंसेशनरी-इंटरनेशनल डेवलपमेंट एसोसिएशन (आईडीए) के तहत फंड उपलब्ध कराया गया है। यह ऋण 25 साल के लिए होगा। इसमें पांच साल ग्रेस पीरियड शामिल है।
मालूम हो कि सितंबर 2014 में लगातार बारिश से जम्मू-कश्मीर में झेलम, चिनाब, तवी और उनकी सहायक नदियों में भयंकर बाढ़ आ गई थी। इससे राज्य के सार्वजनिक बुनियादी ढांचे को काफी नुकसान हुआ था।
बड़ी संख्या में सड़कें, पुल, अस्पताल और स्कूल आदि क्षतिग्रस्त हो गए थे। विश्व बैंक के भारत के लिए निदेशक ओनो रुहल ने कहा कि इस प्रोजेक्ट से राज्य के सार्वजनिक बुनियादी ढांचे के पुनर्निर्माण के लिए मदद मिलेगी।
यह रिकवरी प्रोजेक्ट राज्य के 20 जिलों जिनमें श्रीनगर, जम्मू, अनंतनाग, बारामुला, बडगाम, बाडीपोरा, गांदरबल, कुपवाड़ा, कुलगाम, पुलवामा, शोपियां, सांबा, कठुआ, रियासी, डोडा, किश्तवाड़, रामबन, पुंछ, राजोरी और उधमपुर शामिल हैं पर केंद्रित होगा।