लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी कासिम उर्फ नावेद के पकड़े जाने और एक आतंकी को मार गिराने के लिए सुरक्षा बलों में क्रेडिट लेने की होड़ मची हुई है। सेना, बीएसएफ और सीआरपीएफ अपना-अपना दावा पेश कर रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार एक आतंकी को मार गिराने में बीएसएफ और सीआरपीएफ के बीच क्रेडिट लेने की होड़ लग गई है। सीआरपीएफ का दावा है कि आतंकी उनके सब इंस्पेक्टर सुरेश की गोली से मारा गया।
बस के बीच से बीएसएफ जवान बाहर नहीं निकल पाए। आतंकी बस के पीछे था और सामने से सुरेश ने गोली चलाकर उसे ढेर किया। जबकि बीएसएफ का दावा है कि बस में सवार एकमात्र हथियार बंद जवान ने आतंकी मोमिन को मार गिराया है।